देवघर

देवघर बाबा बैद्यनाथ का मंदिर एक ज्योतिर्लिंग है यह विश्व का इकलौता ऐसा मंदिर है जहां पर त्रिशूल की जगह पंचशूल होता है यही पंचशूल रावण के लंका के महल के ऊपर भी राज्य की सुरक्षा के लिए लगाया गया था देवघर बाबा मंदिर के परिसर में स्थित 22 मंदिर में पंचशूल लगा है आज शिवरात्रि के दो दिन पहले भोलेनाथ के मंदिर के शीर्ष के ऊपर स्थित पंचशूल और माता पार्वती के मंदिर के ऊपर स्थित पंचशूल को उतारा गया और दोनों का मिलान कराया गया इस पंचशूल को स्पर्श करने के लिए भारी संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ी जिसके लिए प्रशासन ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी मौके पर देवघर डीसी विशाल सागर और पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे दोनों पंचशूल को उतारने के बाद इस सरदार पंडा के पास ले जाया गया जहां पर इसका स्पर्श कराया गया कल यानी शिवरात्रि के 1 दिन पहले विधि विधान के साथ पूजा अर्चना करने के बाद इसे पुन: मंदिर के शीर्ष पर स्थापित कर दिया जाएगा।






