आर आई टी थाने की पुलिस ने जिले के पुलिस अधीक्षक के आदेश को भी नकारा।


सरायकेला/आर आई टी
( सोनू कुमार सिंह )
इन दिनों आर आई टी थाने की पुलिस की मनमानी बढ़ती ही जा रही है। साथियों किसी के भी साथ जब किसी तरह की दुर्घटना हो या फिर किसी परेशानी से लोग पीड़ित हो ऐसे में लोग सबसे पहले अपने स्थानीय थाना का ही दरवाजा खटखटाते हैं एवं थाने में जाकर न्याय की गुहार लगाते हैं वहीं जब थाने में पीड़ित को न्याय नहीं मिलता उस वक्त पीड़ित का मन उदास एवं हताश हो जाता है एवं पीड़ित व्यक्ति अंदर ही अंदर निराश हो जाते हैं व टूट जाते है।


ऐसा ही एक मामला आर आई टी थाना क्षेत्र में इन दिनों काफी चर्चा में है जिसमें की एक महीने बीत जाने के बावजूद भी पीड़िता को न्याय नहीं मिला।

क्या है मामला

मीरुडीह निवासी मुस्कान सिंह अपने पति के साथ एक अक्टूबर की रात्रि को 11:15 से 11:45 के बीच आदित्यपुर की ओर से मिरुडीह अपने निवास स्थान की ओर जा रही थी तभी मरुडीह की ओर से आ रही एक सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर कार ने प्रभात खबर एवं पन्ना मेटल वायर कंपनी के समीप धक्का मार कर भाग खड़ा हुआ जिसमें की मुस्कान सिंह व उनके पति मोटरसाइकिल से गिर गए जिसमें की मुस्कान सिंह को काफी गंभीर चोटे भी आई।

वहीं दुर्घटना वाली रात ही मुस्कान सिंह के पति सोनू सिंह ने आर आई टी थाना प्रभारी को मैसेज के जरिए घटना की सूचना दी एवं फोन के माध्यम से पूरी घटना से अवगत कराया
वहीं घटना के बाद मुस्कान सिंह ने थाने में जाकर घटना की लिखित शिकायत करते हुए थाना प्रभारी से उक्त कार एवं कार चालक पर प्राथमिक की दर्ज कर कठोर से कठोर कार्रवाई करने की मांग की।

वहीं इस मामले के लगभग एक महीने बीत जाने के बावजूद भी थाने की ओर से किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की गई थक हार कर एवं हताश होकर मुस्कान सिंह ने अपने माता-पिता को अपनी आपबीती बताई एवं इस मामले पर सहायता मांगी। अपने बच्चें की आप बीती सुनकर माता-पिता दोनों ही काफी परेशान हो उठे एवं इस मामले को लेकर माता-पिता ने पुलिस अधीक्षक के समक्ष न्याय की गुहार लगाई लेकिन स्थानीय थाना ने पुलिस अधीक्षक की बातों को भी नकार दिया एवं किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की।

आखिर में थक हार कर मुस्कान सिंह के माता-पिता ने कोल्हान कमिश्नर से इस मामले पर उचित एवं निष्पक्ष जांच करते हुए उक्त कार पर एवं कार चालक पर कार्रवाई करने की मांग की है अब देखना यह दिलचस्प होगा कि इस मामले पर कोल्हान कमिश्नर क्या कदम उठाते हैं एवं मुस्कान सिंह को आखिर कब तक न्याय मिल पाता है।





















