सरायकेला–खरसावां
( पारस कुमार होता की रिपोर्ट )
सरायकेला प्रखंड अंतर्गत जगन्नाथपुर के गोकुलधाम में बड़े ही हर्षोल्लास व सौहार्दपूर्ण वातावरण में महालक्ष्मी पूजा की गई। यह पूजा प्रत्येक वर्ष शरद पूर्णिमा के पावन दिवस पर संपन्न होती है। विगत 28 वर्षों से यह पूजा दिनेश प्रधान की अगुवाई में संपन्न होती है। पंडित रमानाथ होता ने अपने मुखारविंद से मंत्रोच्चारण करते हुए विधिवत रूप से पूजा अर्चना की शुरूआत हुई। जिसमें समस्त ग्रामीणों, खासकर महिला श्रद्धालुओं का खास भीड़ देखने को मिला।

इस अवसर पर प्रत्येक घरों से महिलाएं सुबह से ही बड़े ही शांत मन से मां लक्ष्मी की पूजा करते हुए देखे गए। सभी महिलाएं एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में माथा टेकते हुए अपने परिवार व क्षेत्र के सुख समृद्धि हेतु कामना करते हुए देखा गया। कहा जाता है शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर मां लक्ष्मी की पूजा अशेष फलदायी होता है। पूजा के पश्चात प्रसाद वितरण किया गया वहीं देर रात तक हीरेन बाबा संकीर्तन मंडली के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम के तहत भजन संध्या का समा बांधा गया जिसमें एक से बढ़कर एक उड़िया भजन प्रस्तुति कर लोगों का मनमोह लिया । देर रात तक लोगों ने काफी आनंद से गीत गाते रहे क्योंकि इस दिन वर्ष का अंतिम चंद्र ग्रहण लगने के कारण सभी लोग भजन कीर्तन में आनंदित होते रहे। आयोजनकर्ता फूलचांद प्रधान ने बताया कि पूजा के दूसरे दिन ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों हेतु सांस्कृतिक कार्यक्रम व खेलकुद कार्यक्रम रखा गया है। पूजा के तीसरे दिन माता के प्रतिमा का विसर्जन कर दी जाएगी।
मौके पर दामोदर प्रधान रामकुमार ग्वाला ,जितेंद्र प्रधान, प्रमथ प्रधान, देवीदत्त प्रधान, बसंत प्रधान ,कृष्ण कुमार प्रधान, आशुतोष प्रधान ,विष्णु प्रधान, आदिश्वर प्रधान ,हरिश्चंद्र प्रधान, चुनू प्रधान ,अंगद प्रधान, शिव रतन प्रधान, सहदेव सरदार, सीताराम मंडल, ग्राम प्रधान अर्जुन प्रधान , दिलीप प्रधान, मिहिर प्रधान समेत सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित थे।















