प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां और जिला प्रशासन के बीच क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन जनवरी में।

प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां और जिला प्रशासन के बीच क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन जनवरी में।

सरायकेला-खरसावां

( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट)

टूर्नामेंट को सफल बनाने में क्लब के सभी सदस्य अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें अध्यक्ष भरत सिंह

प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला- खरसावां और जिला प्रशासन के बीच इंडिपेंडेंस कप क्रिकेट टूर्नामेंट-2024 का आयोजन जनवरी में टायो कॉलोनी मैदान में किया जाएगा।

अध्यक्ष भरत सिंह:-प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां

आपको बताते चलें कि इस आजादी के अमृत महोत्सव के मौके पर प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां और जिला प्रशासन के बीच इंडिपेंडेंस कप क्रिकेट टूर्नामेंट-2024 का आयोजन आगामी जनवरी महीने के प्रथम सप्ताह में टायो कॉलोनी के मैदान में किया जाएगा।

शनिवार को पत्रकारों से संवाद करते हुए प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां के अध्यक्ष कुंवर भरत सिंह बागी ने कहां की. इस क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन पूरी भव्यता के साथ की जाएगी. इसकी तैयारियां जोर शोर से की जा रही है. इसमें एक टीम जिला प्रशासन की होगी,जबकि दूसरी टीम पुलिस प्रशासन की होगी. वही इस टूर्नामेंट में पत्रकारों की करीब चार टीम उतरेगी. क्लब के अध्यक्ष भरत सिंह ने कहा कि फिलहाल क्लब के पिकनिक में भी चूंकि अब समय कम हैं, इसलिए मैच के साथ ही पिकनिक भी आयोजन किया जाएगा।

सभी पदाधिकारी एवं क्लब के सदस्यों से अध्यक्ष भरत सिंह ने की अपील

प्रेस क्लब के अध्यक्ष भरत सिंह ने कहा कि जो भी पदाधिकारी और सदस्य इस मैच को खेलने को इच्छुक हैं. वह अपना नाम प्रेस क्लब ऑफ सरायकेला खरसावां के ग्रुप में डालें. साथ ही, अपने टी-शर्ट, ट्राउजर के साथ अपने जूते का नंबर भी लिखकर भेजें.आगे उन्होंने कहा कि आयोजन पूरी तरह से भव्य हो. इस दिशा में कोई कसर नहीं छोड़ा जाएगा. उन्होंने प्रेस क्लब के सभी पदाधिकारी और सदस्यों से आग्रह किया कि टूर्नामेंट को सफल आयोजन में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय के पहले वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता का हुआ रंगारंग आयोजन।

जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय के पहले वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता का हुआ रंगारंग आयोजन।

पुर्वी सिंहभूम

( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )

कार्यक्रम में देश-विदेश में अपनी खेल प्रतिभा का परचम लहरा चुके युवा प्रतिभाओं को किया सम्मानित

खेल के साथ खेल भावना भी महत्वपूर्ण, हार-जीत को सकारात्मक तरीके से लेते हुए आगे बढ़ें युवा- उपायुक्त

झारखंड के युवाओं में नैसर्गिक प्रतिभा, सरकार खिलाड़ियों के आर्थिक, सामाजिक उत्थान के लिए चला रही कई योजनायें

जेआरडी टाटा स्पोर्टस कॉम्पलेक्स में आयोजित जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय के पहले वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता- 2023 में जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होने मार्च पास्ट की सलामी ली तथा युवा महिला खिलाड़ी जिन्होने देश-विदेश में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया उन्हें सम्मानित कर उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. अंजीला गुप्ता, खेल प्रशिक्षक हसन इमाम, रजिस्ट्रार राजेन्द्र जायसवाल, स्पोर्टस के चेयरमैन तथा अन्य प्रोफेसर व यूनिवर्सिटी की छात्रायें मौजूद रहीं।

बेटियां पढ़ें आगे-बढ़ें, खेल में भी हमेशा अव्वल रहें

जिला दण्डाधिकारी-सह- उपायुक्त ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि व्यक्तिगत रूप से यह मेरे लिए हर्ष की बात है जहां युवा प्रतिभाओं को संबोधित करने का अवसर मिला है । हमारे देश, राज्य और समाज के भविष्य युवा हैं, छात्र-छात्रायें हैं और इनको संबोधित करते हुए समाज में आगे आने और समाज में बदलाव लाने के लिए प्ररित कर पाऊं तो काफी खुशी होगी ।

युवा खेल से जुड़ें और फिट रहें

जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त ने कहा कि विज्ञान के इस युग में, इंटरनेट की दुनिया में हमलोग लगातार छोटे-छोटे बच्चे हों या बुजुर्ग तक एक कमरे में, कुर्सी पर कैद होते जा रहे हैं जिसकी वजह से शारीरिक और मानसिक-स्वास्थ्य पर विपरित परिणाम पड़ रहे हैं । खेल एक ऐसी विधा है जो आपके जीवन भर साथी बनकर रहती है। शारीरिक फिटनेस के अलावा तनावरहित जीवन बिताने के लिए मदद करती है ।

तैयारी और प्रयत्न करने से कभी पीछे नहीं हटें

जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त ने कहा कि खेल के साथ खेल भावना बहुत महत्वपूर्ण है। खेलभावना हमें हार जीत को एक सकारात्मक तरीके से लेकर अपने जीवन में बेहतर प्रदर्शन करने की सीख देती है । हम सभी लोग मेहनत करते हैं, तैयारी करते हैं, संघर्ष करते हैं कि जहां भी हमलोग प्रतिभाग लेते हैं वहां जीतें। लेकिन जरूरी नहीं कि सभी लोग जीतें। इसे नकारात्मक भाव से नहीं लेना है क्योंकि हार-जीत जीवन का अविभाज्य अंग है। तैयारी और प्रयत्न से कभी पीछे नहीं हटना चाहिए।

जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त ने कहा कि हमारे झारखंड के युवाओं में खेल को लेकर नैसर्गिक प्रतिभा है। सरकार द्वारा भी खिलाड़ियों के आर्थिक, सामाजिक उत्थान की दिशा में कई पहल किए जा रहे हैं। राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मेडल विजेताओं को सरकारी नौकरी में सीधी नियुक्ति देनी हो या खेल प्रतियोगिता के आयोजन से पंचायत और प्रखंड स्तर तक के प्रतिभाओं को तराशा जा रहा है ।

टाटा स्टील स्पोर्ट्स कम्प्लेक्स नोवामुंडी में त्रिदिवसीय षिरजोन “हो” जनजातीय खेल महोत्सव के दुसरे दिन झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने की सिरकत।

टाटा स्टील स्पोर्ट्स कम्प्लेक्स नोवामुंडी में त्रिदिवसीय षिरजोन “हो” जनजातीय खेल महोत्सव के दुसरे दिन झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने की सिरकत।

पुर्वी सिंहभूम/नोवामुंडी

( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )

टाटा स्टील स्पोर्ट्स कम्प्लेक्स नोवामुंडी में त्रिदिवसीय षिरजोन “हो” जनजातीय खेल महोत्सव के दुसरे दिन झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने की सिरकत। जहां जनजातिय खेल महोत्सव आयोजन समिति के द्वारा मधु कोड़ा का जनजातिय परम्परा गाजे बाजे एवं नृत्य के साथ भव्य स्वागत किया गया.बतौर मुख्य अतिथि पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने पारंपरिक वाद्य यंत्र बजा कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।

झारखन्ड के पुर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने महोत्सव को संबोधित करते हुए कहा कि आदिवासी हो समाज की संस्कृति तथा परंपरागत खेल व भाषा को षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव के आयोजन के माध्यम से पुनर्स्थापित करने का प्रयास काफी सराहनीय है।इसके लिए इतने बड़े स्तर पर पहली बार जनजातिय खेल महोत्सव को सफलता पूर्वक आयोजन किए जाने के लिए आयोजन समिति की जितनी भी प्रशंसा की जाए कम होगी।

आगे उन्होंने कहा कि भविष्य में भी आदिबासी परम्परा खेल वाद्य यंत्रों अपने पूर्वजों द्वारा पूर्व वर्षो से इस्तेमाल किए जाने वाले वर्तन खान पान वेश भूषा एवं भाषा आदि के सरंक्षण के लिए इस प्रकार की संस्कृति को गांव गांव प्रचार प्रसार कर जनजातिय व्यवस्था को बचाए रखने की आवश्यकता है। आज की नयी पीढ़ी को आज के समय में इस भाषा संस्कृति से जोड़ना होगा। समाज का भाषा एवं संस्कृति तब ही बच सकेगा,जब हम अपने पुराने पारंपरिक वस्तुओं औजारों वाद्य यंत्रों के साथ ही अपने जीवन मे प्रयोग होने वाले सामानों को आर्थिक रूप से रोजगार से जोड़ेंगे।उन्होंने टाटा स्टील प्रबन्धन की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम के सफल आयोजन की दिशा में टाटा स्टील का प्रयास काफी सराहनीय है।उन्होनें कहा कि आदिवासी हो समाज युवा महासभा इस तरह का आयोजन वर्षों से करते आ रही है।ऐसे सामाजिक संस्था को सामाजिक और राजनीतिक रूप से बराबर सहयोग करते रहेगें।

ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

वहीं इस मौके पर कार्यक्रम के दूसरे दिन टाटा स्टील फाउंडेशन के यूनिट हेड तुलसीदास गनवीर कार्यपालक पदाधिकारी डेजी कुजूर मानकी सुरेन्द्र चातोम्बा मानकी निरंजन बोबोंगा ,आदिवासी हो समाज युवा महासभा प्रदेश सचिव शंकर चातोंबा, आदिवासी कल्याण केन्द्र किरीबुरू के कोषाध्यक्ष महेश्वर नाथ लागुरी,आयोजन समिति के संरक्षक गब्बर सिंह हेंब्रम, आदिवासी कल्याण केन्द्र किरीबुरू के उपाध्यक्ष सतीश कुमार बोयपाई, उपाध्यक्ष गोपी लागुरी, सह सचिव माटा बोबोंगा,कोषाध्यक्ष बुधराम चांपिया, सह कोषाध्यक्ष लक्ष्मण तिरिया एवं भारी संख्या में लोग उपस्थित थे।

टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स नोवामुंडी में त्रिदिवसीय दिवसीय षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव का किया गया आयोजन

टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स नोवामुंडी में त्रिदिवसीय दिवसीय षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव का किया गया आयोजन

चाईबासा/नोवामुंडी

( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )

किक् मारकर श्रीमती गीता कोड़ा ने फुटबॉल मैच प्रतियोगिता का उद्धघाटन किया।

शनिवार को टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स नोवामुंडी में आदिवासी हो समाज युवा महासभा की ओर से तीन दिवसीय षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव का शुभारंभ किया गया। सर्वप्रथम बलीजरन ग्राम के दियुरी श्री बरजो ने प्राकृतिक आस्था के साथ देशाऊली का बोंगा बुरु कर लाल मुर्गा का बलि चढ़ाया और सिंहबोंगा से त्रिदिवसीय आवासीय षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव का ऐतिहासिक एवं भांति पूर्वक कार्यक्रम के लिए आशीर्वाद मांगा।

आयोजन कमिटी की ओर से सिंगबोंगा गोवारि किया गया तथा आयोजन कमिटी के अध्यक्ष श्रीराम बरजो ने स्वागत भाषण दिया। प्रथम दिन के उद्धघाटन समारोह के मुख्य अतिथि सिंहभूम के माननीय सांसद श्रीमती गीता कोड़ा ने ‘हो’ जनजातीय खेल ‘सेकोर’ को फेंक्कर उद्धघाटन कीं। इसके साथ ही पारंपरिक खेल चूर तथा अतिरिक्त खेल के रूप में फुटबॉल मैच प्रतियोगिता भी किक् मारकर श्रीमती गीता कोड़ा के उद्धघाटन किया गया। उसके आलावे टाटा स्टील फऊडेशन के CSR हेड तुलसी दास ,कार्यपालिका मैडम डेजी कुजूर, मानकी निरंजन बोबोंगा एवं अन्य गणमान्य लोगों के द्वारा उद्धघाटन कराया गया।

ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्रीमती गीता कोड़ा ने कहा कि हमारे हो समाज में जनजातीय खेल विलुप्त हो रही है ग्रामीण क्षेत्र में लोग इनकी पारंपरिक मान्यता भूल चुके हैं नोवामुंडी काफी पिछड़ा क्षेत्र है सामाजिक रूप से आदिवासी हो समाज महासभा और आदिवासी हो समाज युवा महासभा से अनुरोध करती हूं की शहर दूर में बसे ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक समाजिक विकास के लिए समाज के ग्रामीणों को सहयोग करें। अपने ओर से धन्यवाद देती हूं कि षिरजोन हो जनजातीय खेल महोत्सव के माध्यम से आदिवासी हो समाज युवा महासभा ने हो जनजातीय खेल को समाज में पुनर्जीवित करने के लिए पीड़ा उठाई है। इसके आयोजन में आगे भी मदद करूंगी।

इस अवसर पर नोवामुंडी सर्कल इंस्पेक्टर विरेंद्र सिंह, नोवामुंडी ASI सुजित कुमार,आदिवासी हो समाज युवा महासभा प्रदेश सचिव शंकर चातोंबा, आदिवासी कल्याण केन्द्र किरीबुरू के सचिव श्री शुभनाथ हेंब्रम,आयोजन समिति के संरक्षक गब्बर सिंह हेंब्रम, सतीश कुमार बोयपाई, उपाध्यक्ष गोपी लागुरी,कोषाध्यक्ष बुधराम चांपिया, सह कोषाध्यक्ष लक्ष्मण तिरिया, अमरजीत लागुरी, शंकर सिदू, श्याम बिरुवा, सुमित बालमुचु,चंद्र मोहन चातोंबा, विजय बनरा, मुखिया बामिया चांपिया,मोरान सिंह केराई, बलदेव कराई, जादू चतोंबा, जगनाथ हेस्सा, ओयबोन हेंब्रम,तरुण लमाय,माटा बोबोंगा, सोनाराम चतोंबा, विक्रम सिदू, रोया लागुरी, महेश्वर नाथ लागुरी, टीपू लागुरी,भीम सिंह चतोंबा, जूरिया सिंकु, शंकर पुरती, सुनील चांपिया,राम तिरिया, बीस सूत्री अध्यक्ष मनजीत प्रधान आदि एवं काफी मात्रा में दर्शक उपस्थित रहें।

Design a site like this with WordPress.com
Get started