कोडरमा पुलिसने महिला को झांसा देकर एटीएम से धोखाधड़ी कर पैसे उड़ाने वाले दो साइबर आरोपी को घटना के दो दिनों के अंदर गिरफ्तार करने में सफलता पाई है.
गिरफ्तार आरोपियों में नवादा बिहार निवासी विकास कुमार शर्मा और धनंजय कुमार के नाम शामिल है. पुलिस ने इन आरोपियों के पास से अलग-अलग बैंकों के 135 एटीएम कार्ड, 2 लाख 80 हजार 700 नगद, एक स्वाइप मशीन, एक कार और 3 मोबाइल बरामद किया है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला मुख्यालय के कोडरमा बाजार स्थित पंजाब नेशनल बैंक के एटीएम से 17 फरवरी को बिच्छीपहरी निवासी पूजा पण्डित पति रोहन पंडित पैसे की निकासी करने आई थी. जहां पहले से खड़े दो युवक ने उक्त महिला को झांसे में लेकर एटीएम बदल कर उसके खाते से 24 हजार 300 की निकासी कर लिया था. इस मामले को लेकर पीड़िता ने कोडरमा थाना में अज्ञात के खिलाफ कांड संख्या 28/23 में मामला दर्ज किया था. पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए अनुसंधान शुरू कर साइबर अपराधियों के धड़पकड़ में जुट गई थी.
प्रेमी से विडियो कॉल पर बात करना प पड़ा महंगा, पिता और भाई नें सादिया को उतार दी मौत के घाट और शव को कुंएं में फेंका
चाईबासा
चाईबासा: कहते है प्यार पर जब जब पहरा पड़ा तब तब प्यार और गहरा हुआ है,लेकिन सादिया को अपने प्रेमी से बिडियो कॉल से बात करना पड़ गया महंगा। ऐसी कि जान से हाथ गवानी पड़ी।वह भी उसके हाथों से जिसने बच्चा से पाल पोस कर बड़ा किया
पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर अनुमंडल मुख्यालय में पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर थाना क्षेत्र के ईचिड़ासाई में बीते दिनों कुंए से सादिया कौसर (20) का शव बरामद किया गया था।
इस मामले में मृतका के पिता मो मुस्तफा के बयान पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था। हालांकि अनुसंधान के क्रम में जो बाते सामने आई उसने पुलिस को भी सोंचने पर मजबूर कर दिया।
दरअसल सादिया की हत्या उसी के परिजनों ने की थी। सादिया का कसूर सिर्फ इतना था कि वह बस्ती के ही एक लड़के से प्रेम करती थी।परिजनों ने उसे अपने प्रेमी से वीडियो कॉल पर बात करते पकड़ लिया था जिसके बाद उसकी हत्या कर शव को कुंएं में फेंक दिया था।दूसरे दिन पिता ने चक्रधरपुर थाने में बेटी की गुमशुदगी की प्राथमिकी भी दर्ज करा दी थी।
इस मामले में पुलिस मृतका के पिता मो. मुस्तफा अहमद, भाई मो. बकाश और मो. शाद को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। हत्या कर शव को अर्धनग्न कर कुंएं में फेंका
घटना की जानकारी देते हुए एसपी अशुतोष शेखर ने बताया कि 10 फरवरी को मो मुस्तफा द्वारा थाने में शिकायत कराई गई कि उसकी बेटी सादिया 9 फरवरी की रात से लापता है इसके ठीक तीन दिन बाद 13 फरवरी को घर के पास ही एक कुंएं से सादिया का शव बरामद किया गया था। शव अर्धनग्न अवस्था में था इसलिए परिजनों ने दुष्कर्म कर हत्या की आशंका जताई थी।जब मामले में अनुसंधान किया गया तब जानकारी मिली कि परिजनों ने ही सादिया की हत्या की है। पूछताछ में मो. मुस्तफा ने बताया कि 9 फरवरी की रात सादिया बस्ती के ही एक युवक से वीडियो कॉल पर बात कर रही थी। बेटे ने उसे बात करते पकड़ा और मारपीट करने लगा। इसी बीच सादिया गिर गई जिस कारण उसे सिर पर चोट आई और वह बेहोश हो गई।सभी को लगा कि उसकी मौत हो गई है।रात को ही उसे अर्धनग्न अवस्था में मुंह में कपड़ा ठूंस दिया और पत्थर बांधकर कुंएं में फेंक दिया। ताकि किसी को लगे की उसके साथ दुष्कर्म कर उसकी हत्या की गई है। दूसरे दिन थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट करा दी।
जगन्नाथपुर प्रखंड में पिछले 5 माह से राशन वितरण नहीं करने को लेकर अखिल भारतीय क्रांतिकारी आदिवासी महासंघ नें किया उपायुक्त से शिकायत
चाईबासा
चाईबासा: पश्चिम सिंहभूम के जगन्नाथपुर प्रखंड में पिछले 5 माह से राशन वितरण नहीं करने को लेकर अखिल भारतीय क्रांतिकारी आदिवासी महासभा के जिला अध्यक्ष सह जिला परिषद मानसिंह तिरिया व ग्रामीण पहुंचे उपायुक्त के समक्ष
उपायुक्त से मुलाकात कर समस्या का समाधान करने की मांग की गई डीलर द्वारा पिछले 5 माह से राशन वितरण नहीं करने के विरोध डीलर का लाइसेंस रद्द करने की भी ग्रामीणों ने मांग रख। ग्रामीणों ने कहा ग्राम गुमरिया, लखीपाई,मसाबिला के राशन डीलर द्वारा राशन वितरण समय पर नहीं करता है जिससे कार्ड धारी लाभुकों में काफी आक्रोश है,
सभी कार्ड धारियों का कहना कि –
ग्राम-गुमरिया, पंचायत – गुमरिया, प्रखंड- जगन्नाथपुर में राशन डीलर नवीन आनंद पिंगुवा द्वारा राशन कार्ड धारियों लाभुकों को पिछले सितंबर, अक्टूबर,नवंबर, दिसंबर, जनवरी कुल 5 माह का राशन वितरण नहीं किया गया है और मुफ्त राशन भी वितरण नहीं किया है ,जब राशन कार्ड धारियों द्वारा डीलर से राशन की मांग करने पर कार्ड धारियों के साथ गाली- गलौज धमकाया जाता है, एवं राशन वितरण,पंचिंग कराने को लेकर लाभुकों से कार्ड जमा करा कर फर्जी राशन वितरण के नाम पर कार्ड में अंकित कर दिया जाता है
ग्राम- मसाबिला, पंचायत -गुमरिया, प्रखंड- जगन्नाथपुर, में साधुचरण लागुरी राशन डीलर द्वारा पिछले अगस्त, सितंबर, दिसंबर एवं जनवरी माह तक राशन वितरण नहीं किया गया, राशन कार्ड धारियों का कार्ड में फर्जी तरीके से राशन कार्ड में अंकित कर दिया गया है।
ग्राम- लखीपाई,पंचायत- गुमरिया,प्रखंड- जगन्नाथपुर में संजीत कुमार लागुरी राशन डीलर द्वारा पिछले नवंबर, दिसंबर, जनवरी माह का राशन वितरण नहीं किया गया है, राशन कार्ड धारी लाभुकों का राशन कार्ड में फर्जी राशन वितरण कार्ड में अंकित कर दिया गया है। तीनों राशन डीलरो से ग्रामीण कार्ड धारी लाभुक परेशान है क्योंकि जब से डीलर का काम मिला है तब से गरीब कार्ड धारियों के साथ अच्छा व्यवहार नहीं करते हैं। और तीनों डीलर का कहना है हम मुख्यमंत्री-संसद का आदमी है हमको कोई कुछ नहीं कर सकता है। डीलर का कार्य कार्ड धारियों को चावल राशन वितरण करना है, लेकिन ऐसा नहीं है कार्ड धारी लाभुकों को संरक्षण देने के बजाय, डीलर को संरक्षण मिलता है क्योंकि इस लूट में अफसरों का भी बहुत बड़ा रोल है। इन डीलरों के खिलाफ राशन वितरण गड़बड़ी को लेकर पूर्व में धरना प्रदर्शन कर मांग किया गया था लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे साफ पता चलता है की डीलर को अफसरों की संरक्षण मिली है,और कार्ड धारी लाभुकों की समस्याओं को देखते हुए अभिलंब जांच पड़ताल कर कारवाई किया जाए अन्यथा हम सभी आपके कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन अनशन करेंगे। नोट उपायुक्त से मुलाकात करने पर ज्ञापन सौंपा गया ज्ञापन पर 5 माह का राशन नहीं मिलने के बारे में बात को रखें तो उपायुक्त महोदय भी विश्वास नहीं कर रहे हैं कि कैसे 5 माह का राशन नहीं मिला, मैंने जवाब दिया इन तीनों राशन डीलरों की मनमानी आज से नहीं कई वर्षों से इसी तरह का ग्रामीणों को ठगने का काम करते आ रहे हैं इसलिए जांच कराया जाए उपायुक्त ने कहा जांच जरूर होगा। और पेयजल की समस्या पर बात को रखा गया पेयजल को लेकर सूची बनाकर देने का आश्वासन दिया। खराब चापाकल मरम्मत हो जाएगी।प्रतिलिपि- माननीय मुख्यमंत्री, झारखंड सरकार, रांची।मुख्य सचिव,झारखंड सरकार, रांची।माननीय, रामेश्वर उरांव खाद्य आपूर्ति मंत्रीझारखंड सरकार,रांची। उपायुक्त महोदय, चाईबासा, पश्चिम सिंहभूम। जिला खाद्य आपूर्ति पदाधिकारी चाईबासा पश्चिम सिंहभूम। प्रखंड विकास पदाधिकारी जगन्नाथपुर पश्चिम सिंहभूम को प्रेषित कर दिया गया है शव
मौके पर पंचायत समिति सदस्य सुभाष लागुरी, वार्ड सदस्य राकेश पूर्ति, ग्रामीण डाकुआ , गुरुचरण पुरती, बाबूलाल महतो,हरिश तमसोय,टुपरा सिकु, राकेश दोराईबुरू, आदि हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन सौंपा गया।
जिला प्रशासन और टाटा स्टील फाउंडेशन मिलकर पेसा कानून और कोल्हान की पारंपरिक स्वशासन प्रणाली मानकी मुंडा व्यवस्था को समाप्त करने की दिशा में कार्य कर रहे
चाईबासा
चाईबासा: जिला प्रशासन और टाटा स्टील फाउंडेशन मिलकर पेसा कानून और कोल्हान की पारंपरिक स्वशासन प्रणाली मानकी मुंडा व्यवस्था को समाप्त करने की दिशा में कार्य कर रहे है।यह प्रतिक्रिया झारखंड पुनरूत्थान अभियान के संयोजक सन्नी सिंकु ने दी है।
टाटा स्टील फाउंडेशन के तत्वाधान में विगत 10 फरवरी 2023 को उपायुक्त की अध्यक्षता में समाहरणालय कक्ष में बैठक की गई थी।
उस बैठक में संबंधित प्रखंड के विकास पदाधिकारियों और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में निर्वाचित जन प्रतिनिधियों को ही बुलाया गया था।जिसमें टाटा स्टील फाउंडेशन ने जमशेदपुर कालिंगनगर डेवलपमेंट कॉरिडोर प्रोजेक्ट की भूमिका पर चर्चा की थी। जिसमें कहा गया था 286 किलोमीटर के बीच 450 गांव को संवारने का जिम्मेदारी अब कॉरिडोर प्रोजेक्ट के तहत उनकी जिम्मेदारी है। जिस आयाम को आगे बढ़ाते हुए टाटा स्टील फाउंडेशन ने 21 फरवरी 2023 को हाटगमरिय प्रखंड के प्रखंड विकास भवन के सभा कक्ष में बीडीओ ने बैठक का आयोजन किया है। जिस बैठक में विकास से संबंधित और निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया है।
ताज्जुब लगता है कोल्हान में पारंपरिक स्वशासन प्रणाली के तहत मानकी मुंडा व्यवस्था आज भी लागू है।लेकिन कोल्हान के मानकी मुंडाओं को टाटा स्टील फाउंडेशन और बीडीओ ने बैठक में आमंत्रित नहीं किया है, न ही जिला समाहरणालय में संपन्न बैठक में उपायुक्त ने मानकी मुंडाओं को आमंत्रित किया था। जबकि भारत की संविधान में 73 वी संशोधन के तहत आदिवासी क्षेत्रों की पारंपरिक स्वशासन को नौकरशाह द्वारा कमजोर करने से रोकने के लिए ही PESA कानून 1996 बनाया गया। और कोल्हान को 1854 में ही नॉन रेगुलेशन एरिया घोषित किया गया था। जो कालांतर में महामहिम राष्ट्रपति द्वारा झारखंड के 13 जिलों सहित प.सिंहभूम चाईबासा को अनुसूचित जिला घोषित किया गया है। तब अनुसूचित जिला से सबंधित संविधान प्रदत्त कानून को लागू करने का दाहित्व जिला प्रशासन का है। झारखंड पुनरूत्थान अभियान जिला प्रशासन और टाटा स्टील फाउंडेशन से पूछना चाहती है। कोल्हान में मानकी मुंडा स्वशासन प्रणाली का अंग है।जिनको रिकॉर्ड ऑफ राइट के तहत हुकुकनामा प्राप्त है। जब संविधान में मानकी मुंडा की पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को अक्षुण,यथावत रखने के लिए ग्राम सभा का पदेन अध्यक्ष के रूप में मान्यता प्रदान किया गया है तो इन्हें टाटा स्टील फाउंडेशन की बैठक में क्यों नहीं बुलाया जा रहा है?
क्या टाटा स्टील फाउंडेशन और बीडीओ जमीन पर विकास का कार्य नहीं कर आकाश में करने के लिए उन्मुखीकरण बैठक का आयोजन किया है? जिला प्रशासन और टाटा स्टील फाउंडेशन इसका जवाब कोल्हान की जनता को सार्वजनिक तौर पर दे।
मधु कोड़ा,सांसद गीता कोड़ा व संयुक्त यूनियनों ने एमडीओ के विरोध विशाल विरोध प्रदर्शन किया, प्रबंधन को सौंपा मांग पत्र
चाईबासा
( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )
मधु कोड़ा,सांसद गीता कोड़ा व संयुक्त यूनियनों ने एमडीओ के विरोध विशाल विरोध प्रदर्शन किया, प्रबंधन को सौंपा मांग पत्र
चाईबासा: गुवा सेल खदान में एमडीओ के विरुद्ध झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, सांसद गीता कोड़ा के नेतृत्व में संयुक्त यूनियनों ने विशाल विरोध प्रदर्शन कर सेल प्रबंधन को मांग पत्र सौंपा।
इस विरोध प्रदर्शन को लेकर सबसे पहले पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, सांसद गीता कोड़ा व संयुक्त यूनियनों ने गुवा सेल के फुटबॉल मैदान में एक बैठक कर एमडीओ के विरुद्ध विभिन्न नारे लगाते हुए रैली निकाली। यह रैली गोवा सेल के फुटबॉल मैदान से होते हुए कच्ची धौड़ा, विवेक नगर, रेलवे मार्केट, रामनगर तथा गुवा बाजार होते हुए रामनगर में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया।
अपने संबोधन में मधु कोड़ा ने कहा कि सेल प्रबंधन गुवा सेल खदान को एमडीओ का नाम देकर एक निजी कंपनी ठेकेदार को देना चाह रही है। परंतु यहां के सभी संयुक्त यूनियन, सेलकर्मी तथा सारंडा के आसपास गांव के ग्रामीण इसका पुरजोर विरोध करती है। गुवा सेल खदान में निजीकरण कभी भी नहीं होने दिया जाएगा। चाहे इसके लिए क्यों ना हमें आंदोलन करना पड़े या सेल का चक्का जाम करना पड़े। सेल में निजीकरण होने से सेल में होने वाली बहाली पूरी तरह से बंद हो जाएगी। यहां के स्थानीय को रोजगार नहीं मिलेगा। और सेल प्रबंधन द्वारा ऐसा करने का हम विरोध करते हैं और किसी भी हालत में एमडीओ को गुवा नहीं आने दी जाएगी।
वंही सांसद गीता कोड़ा ने लोगों को संबोधित कर कहा कि सेल प्रबंधन एमडीओ के नाम पर यहां के लोगों को लॉलीपॉप पकड़ा दे रही है। यहां के लोग एम डी ओ के बारे में कुछ जानते भी नहीं है। एमडीओ क्या है। इसका मतलब होता है माइनिंग डेवेलपर्स ऑपरेशन। परंतु यहां के मजदूर गुवा सेल खदान में 2 मिलियन से बढ़ाकर 4.2 मिलीयन तक कर दिया है। मजदूरों में अभी भी ताकत है कि इसे 10 मिलियन टन तक कर सकता है। जब मजदूरों में इतनी क्षमता है तो बाहर से बुलाकर प्राइवेट को देने की क्या जरूरत। अगर सेल प्रबंधन एमडीओ को वापस नहीं लेती है तो सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करेंगे।
जनसभा को संबोधित करने के बाद विशाल जुलूस पैदल मार्च करते हुए सेल के जेनरल ऑफिस समक्ष प्रदर्शन किया। उसके बाद सेल प्रबंधन को मांग पत्र सौंपा। उन्होंने अपने मांग पत्र में लिखा कि गुवा लौह अयस्क खान में आजादी के पहले से खनन कार्य चल रहा है। जिसमें टेक्निकल व नन टेक्निकल लगभग 2000 कर्मी नियमित रूप से कार्य करते हुए आ रहे हैं। खनन की क्षमता 2.9 मिलियन टन से प्रतिवर्ष लौह अयस्क उत्पादन 4.2 मिलियन टन प्रतिवर्ष हो गया है। अब गुवा खदान में कार्यरत स्थाई कर्मचारी की संख्या मात्र 400 से भी कम रह गया है। इसके स्थान पर बहाली के नाम पर बहुत ही कम लोगों को लिया गया है और ठेका मजदूरों से टेक्निकल व नन टेक्निकल कार्य कराया जा रहा है। जो श्रम कानून का घोर उल्लंघन है। ज्ञात हो कि कॉन्ट्रैक्ट लेबर (रेगुलेशन व एबोलिशन) एक्ट 1970 के सेक्शन 10 सब सेक्शन 1 मैं व्यवस्था दिया गया है की कोर एक्टिविटी जो 24 घंटो और सालों भर चलने वाले कार्य पर मुख्य नियोक्ता कंपनी ठेका मजदूरों से नहीं करा सकता है। परंतु अब गुवा अयस्क खान द्वारा खनन कार्य का काम स्थाई रिक्त पदों पर बहाली कर काम नहीं कराया जा रहा है। बल्कि उल्टे श्रम कानून,लेबर कानून को ताक में रखकर सार्वजनिक कंपनी सेल द्वारा अब गुवा अयस्क खदान की खनन की कार्य एमडीओ के माध्यम से निजी ठेकेदार को देकर श्रम कानून का उल्लंघन किया जा रहा। सेल प्रबंधन से मांग करते हैं कि गुवा लौह अयस्क खान सेल द्वारा एमडीओ के माध्यम से नहीं कराया जाए, गुवा सेल कंपनी में जितने रिक्त पद(टेक्निकल व नन टेक्निकल) है उनकी बहाली अभिलंब निकाल कर रिक्त पद भरा जाए, गुवा सेल कंपनी में स्थाई बहाली में स्थानीय ग्रामीण व मजदूर के परिजनों को प्राथमिकता दी जाए, गुवा सेल कंपनी में सीएसआर के तहत अपने अपने पेरीफेरल क्षेत्र में सामुदायिक विकास हेतु कार्य के लिए सुनिश्चित बजट का प्रावधान किया जाए तथा कार्य स्थानीय के द्वारा कराया जाए।
इस विशाल आंदोलन में संयुक्त यूनियनों के पदाधिकारियों में झारखंड मजदूर संघर्ष संघ के रामा पांडे, बोकारो स्टील वर्कर्स यूनियन इंटक के दुचा टोप्पो, सीटू के मनोज मुखर्जी, सारंडा मजदूर यूनियन के कुल बहादुर, सप्लाई मजदूर संघ के राजेश कोड़ा, झारखंड मजदूर संघ के पंचम जॉर्ज सोय, जेएमएम के वृंदावन गोप, कोल्हान मजदूर यूनियन के ब्रज मोहन मिश्रा सहित सारंडा के विभिन्न गांव के ग्रामीण मौजूद थे।
Minister’s dream project Gomdesai Majhi Pargana Bhavan’s construction work suspended due to non-availability of land, waiting for the sensor to get the land
चाईबासा
( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )
राजनगर प्रखण्ड के गोमदेसाई में चारों योजना एक ही जगह पर बनना है
चाईबासा: कोल्हान प्रमंडल में आन दिनों विभाग के पास योजना को अंजाम देने के लिए भूमी उपलब्ध नहीं है,लेकिन योजना कि निविदा जरूर निकल जाती है,और अंततः योजना अधुरा रह जाता है
जमीन के अभाव में बहरहाल पश्चिमी सिंहभूम जिले में ग्रामीण विकास विभाग स्पेशल डिविजन भवन निर्माण से सधित सौ से अधीक योजना निकाली लेकिन जमीन उपलब्ध नहीं होने के कारण सभी योजना को रद्द कर दिया गया।
वैसी ही कोल्हान प्रमंडल के सराईकेला खरसावां जिला में अनुसूचित जनजाती एवं अनुसुचित जाति,अल्पसंख्यक एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के संचिका सं 07 /मा धुम स्वी आ 1/2022-522 पत्र संख्या के अनुसार सरकार के सचिव कमल किशोर के अदेश पर योजना मिली थी।लेकिन जिला प्रशासन की उदासीनता और लापरवाही का यह आलम है की एक साल पहले कल्याण विभाग के द्वारा कल्याण मंत्री चंपाई सोरेन के विधान सभा के राजनगर प्रखण्ड में मांझी परगना भवन निर्माण कार्य और चहारदीवारी निर्माण कार्य का टेंडर की प्रक्रिया पूरा हुए तीन माह बीतने के बाद भी जमीन विवाद का मामला में संवेदक के द्वारा कार्य नही करा पा रहें हैं।
ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता सुनील नाथ भी संवेदक को जमीन दिलाने में अब तक सफल नहीं हुए हैं,ऐसा लगता है की मंत्री के इस ड्रीम प्रोजेक्ट को नजर लग गया है।कल्याण के आई टी डी ए निदेशक के द्वारा जिस जमीन के प्लॉट को चिन्हित किया गया है, उस में ग्रामीण का दखल है,साथ ही ग्रामीणों के द्वारा ग्राम सभा कर उक्त योजना को इस जमीन में नही बनाने दिए जाने का परस्तव भी पारित किया है,ऐसी स्थिति में संवेदक जमीन मिलने का इंतजार करने पर मजबूर है। संवेदक को यह भी चिंता सता रही है की मार्च में आवंटन लेप्स कर जायेगा,और फिर मई के अंतिम सप्ताह में आवंटन मिलेगा। यूं कहा जा सकता है कि विभाग और जिला की लापरवाही का खामियाजा संवेदक भुगत रहें हैं।
Illegal trading of sand is being done under the supervision of former chief and village head
सरायकेला
पुलिस से जमीन मालिक तक जाता है हिस्सा, सुबह से रात तक होती है बालू की ढुलाई
सरायकेला : सरायकेला थाना क्षेत्र के टेंटोपोसी पंचायत के राजनाथडी स्थित खरकई नदी से अवैध बालू का कारोबार सुबह चार बजे से रात तक किया जा रहा है। यह बालू का अवैध कारोबार स्थानीय मुखिया चूड़ामुनी सोरेन के पति पूर्व मुखिया फोरमेन सोरेन, ग्राम प्रधान विजय महतो व भुनीराम महतो के देखरेख में किया जा रहा है। पुलिस से लेकर जमीन मालिक को मैनेज करने का काम पूर्व मुखिया व ग्राम प्रधान के द्वारा किया जा रहा है,ताकि बालू का अवैध कारोबार बिना किसी रोक टोक के जारी रहे। ट्रैक्टर मालिकों की पंचायती भी पूर्व मुखिया के घर में ही होती है। दर्जनों ट्रकों की प्रतिदिन बालू ढुलाई होने के कारण किनारे का बालू समाप्त हो गया है और अब बीच नदी से नाव पर रखकर बालू किनारे लाकर ट्रैक्टर में लोड किया जा रहा है ।
ऐसे होता है बालू का खेल
खरकाई नदी के बीच से बालू को उठाकर लाना पड़ रहा है। इसके लिए स्थानीय लोगों द्वारा एक टीना की सीट के नीचे दस प्लास्टिक के ड्रम बांध कर उसे नाव का रुप दे दिया गया है। जिसके बाद टीना की सीट के ऊपर बालू को रखकर चार लोग उसे खींचकर किनारे लाते हैं। फिर उस नाव रुपी टीना के ऊपर रखे बालू को मजदूर मिलकर ट्रैक्टर में भरते हैं और फिर ट्रै्क्टर उसे सप्लाई के लिए निकल जाता है। यह खेल दिन भर चलता रहता है।
नितेश कुमार सरायकेला थाना प्रभारी
प्रतिमाह पांच हजार रुपये सरायकेला पुलिस पर लेने का आरोप
एक ट्रैक्टर मालिक ने आरोप लगाते हुए बताया कि बालू का उठाव के लिए सरायकेला पुलिस को प्रति ट्रैक्टर पांच हजार रुपये प्रतिमाह देने पड़ते हैं। फिर गांव के ग्राम प्रधान, पूर्व मुखिया को भी इसमें हिस्सा देना पड़ता है, ताकि किसी तरह का कोई परेशानी होने पर वे लोग मैनेज करते हैं। नाव रुपी टीना के ऊपर नदी से बालू निकाल कर किनारे तक लाने व ट्रैक्टर में लोड करने के लिए मजदूरों को एक ट्रैक्टर के छह सौ रुपये दिए जाते हैं। फिर उस ट्रैक्टर को जिसकी जमीन के ऊपर से होकर गुजारा जाता है। उस जमीन के मालिक को दो से तीन सौ रुपये प्रति ट्रैक्टर दिए जाते हैं।
15-20 ट्रैक्टर प्रतिदिन करते हैं बालू की ढुलाई राजनाथडी घाट से प्रतिदिन 15 से 20 ट्रैक्टर बालू की ढुलाई करते हैं। एक ट्रैक्टर बालू तीन से चार हजार रुपये ट्रैक्टर मालिक बेचते हैं। अगर राजनाथडी घाट में कोई बाहरी व्यक्ति पहुंच जाए तो सभी ट्रैक्टर मालिकों की इसकी सूचना तुरंत हो जाती है और सभी ट्रैक्टर मालिक ग्राम प्रधान व पूर्व मुखिया तक इसकी सूचना पहुंचा देते हैं। फिर उस अनजान व्यक्ति को पहले धमकाने की कोशिश करते हैं बात नहीं बनने पर फिर कहते हैं कि पीएम आवास के लिए बालू की आवश्यकता है जिसके कारण विभागीय इजाजत से बालू का अवैध कारोबार किया जा रहा है। हालांकि किसी तरह का कोई आदेश न ही ट्रैक्टर चालकों के पास है और न ही ग्राम प्रधानों के पास। यहां दिन भर अवैध बालू का कारोबार धड़ल्ले से जारी है।
नितेश कुमार सरायकेला थाना प्रभारी
मीडिया को जानकारी देते हुए सरायकेला थाना प्रभारी नीतीश कुमार ने बताया किपुलिस पर रुपये लेने का आरोप गलत है। बीच बीच में छापामारी की जाती है। छापामारी में पकड़ाने वाले आरोपितों पर कार्रवाई की जाती है।
Jubilee Park closed from Sunday till March 7, preparations for Founder’s Day in full swing in Jamshedpur
जमशेदपुर
स्ट्रेट माइल रोड पर लगा लंबा जाम
जाम को हटाने के लिए ट्राफिक पुलिस के साथ-साथ साकची पुलिस और टाईगर मोबाइल के जवानों ने की कड़ी मशक्कत
जमशेदपुर: जोरों से चल रही है जमशेदपुर में फाउंडर्स डे की तैयारी तैयारी को लेकर जुबली पार्क को बंद कर दिया गया है.
फाउंडर्स डे की तैयारी के लिए जुबली पार्क को 7 मार्च तक बंद करने का निर्णय लिया गया है ताकि पार्क के अंदर काम करने में दिक्कत ना आए पर इस फैसले से लोगों को परेशानीयों का सामना करना पड़ रहा है
आपको बताते चलें कि सोनारी से पार्क होते हुए साकची और मानगो की ओर जाने वाले वाहनो को अब स्ट्रेट माइल रोड होते हुए जाना पड़ रहा है. ऐसे में इस सड़क पर वाहनों की आवाजाही अचानक से बढ़ गई है. सोमवार को पार्क बंद होने के दूसरे दिन ही स्ट्रेट माइल रोड पर लंबा जाम लग गया.
वाहनों की कतार जमशेद गोलचक्कर से लेकर मोदी पार्क तक दिखी. वहीं दूसरी ओर जुबली पार्क तक भी लोग जाम में फंसे रहे. जाम को हटाने के लिए ट्राफिक पुलिस के साथ-साथ साकची पुलिस और टाईगर मोबाइल के जवान भी लग गए. हालांकि किसी तरह जाम को हटाने का प्रयास किया जा रहा है.
Chhau dance program organized in Gamharia Shanti Nagar
सरायकेला खरसावां
गम्हरिया
( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )
देवों के देव महादेव की पूजा महाशिवरात्रि के अवसर पर श्री श्री महाशिवरात्रि पूजा कमिटी शांतीनगर द्वारा छऊ नृत्य कार्यक्रम का हुआ आयोजन
रविवार 19/02/2023 को गम्हरिया टीचर ट्रेनिंग मोड़ के पीछे शांति नगर में देवों के देव महादेव की पूजा महाशिवरात्रि के अवसर पर श्री श्री महाशिवरात्रि पूजा कमिटी शांतीनगर द्वारा छऊ नृत्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया
वहीं छऊ नृत्य कार्यक्रम रात्रि 9:00 बजे से आरंभ की गई
शांति नगर शिवशक्ति छौ: नृत्य पार्टी
शिक्षा गुरु-बशिंधर महतो उस्ताद श्री शाखा कुमार ग्राम: शांति नगर, पो० गम्हरिया, थाना: आदित्यपुर, जीला: सरायकेला खरसावां
आदिवासी छो: नृत्य पार्टी
उस्ताद बागान सिंह मुंडा ग्राम+पो०:फंसा, थाना:चौका, जिला: सरायकेला खरसावां
इस पूरे कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित माननीय श्री फनी भूषण दास, जवाहर लाल माहली, कौशलेंद्र कुमार, रवि कर्मकार, हाेपना हेंब्रम बिट्टू आरजू , सूरज लोहार ,रॉकी कालिंदी ,आदित्य गोस्वामी , AVN कमेटी के पदाधिकारी उपस्थित थे🙏
Deputy Development Commissioner reviewed the work progress of PMEGP, PMFME schemes
सरायकेला
( सोनू कुमार सिंह की रिपोर्ट )
अधिक से अधिक इक्षुक आवेदकों को योजना का लाभ प्रदान कर स्वरोजगार से जोड़े- DDC
बिना किसी गंभीर वजह के आवेदन रिजेक्ट ना करे शाखा प्रबंधक,
शत प्रतिशत योग्य लाभुकों को योजना के लाभ देना सरकार की प्राथमिकता- DDC
सरायकेला: समाहरणालय स्थित सभागार में उप विकास आयुक्त श्री प्रवीण कुमार गागराई ने उद्योग विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं की कार्य प्रगति की समीक्षा किया।
इस दौरान उन्होंने PMEGP – प्राइम मिनिस्टर एम्प्लॉयमेंट जनरेशन प्रोग्राम एवं PMFME- प्राइम मिनिस्टर फॉर्मेलिजेशन फॉर माइक्रो फ़ूड प्रोसेसिंग इंटरप्राइजेज अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का समीक्षा करते हुए सभी शाखा प्रबंधक को लंबित आवेदनों का निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
समीक्षा क्रम में उप विकास आयुक्त ने कहा सरकार विभिन्न योजनाओं के माध्यम से विरोध कर लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने हेतु ऋण प्रदान कर रही है।
अतः सभी शाखा प्रबंधक बिना किसी गंभीर वजह के आवेदन रिजेक्ट ना करें। योजना के लाभ प्रदान कर इक्षुक लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने में उनकी मदद करें। वही बैठक में उपस्थित जनप्रतिनिधियों से उप विकास आयुक्त ने अपील करते हुए कहा कि स्थानीय क्षेत्र मे योजना सम्बन्धित जानकारी साझा कर इक्षुक लोगों को आवेदन करने हेतु प्रेरित करे।
वही संबंधित विभागीय पदाधिकारी को विभिन्न माध्यमों से योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित कर अधिक से अधिक इक्षुक लाभुकों के आवेदन प्राप्त करने के निर्देश दिए।
बैठक में डीएम जीआईसी श्री शंभू शरण बैठा, जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक के सदस्य, डायरेक्टर आरसीटी, सभी शाखा प्रबंधक सह डिस्ट्रिक्ट कोऑर्डिनेटर एवं अन्य उपस्थित रहे।
नीति यात्रा का शुभारंभ पुरुलिया के सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो और जयपुर विधानसभा विधायक नरहरि महतो ने झालदा गोकुलनगर पंचशहीद प्रतिमा और झालदा चूनाभट्टी चौराहे पर महात्मा गांधी जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया गया
इस अवसर पर जिला महामंत्री शंकर महतो झालदा ब्लॉक 1 व 2 सहित क्षेत्र के अन्य नेता उपस्थित रहे।
यात्रा केसंबंध में सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो ने कहा कि पुरुलिया जिला भाजपा के आह्वान पर जिले के चार स्थानों झालदा, बलरामपुर, रघुनाथपुर और हुडा में एक साथ नीति यात्रा शुरू की.
मिली जानकारी के अनुसार यह नीति राज्य सरकार के घोर भ्रष्टाचार के खिलाफ विरोध है दो दिवसीय यह नीति यात्रा सोमवार को पुरुलिया पहुंचेगी