चौका घाटी में लोहे लदी गाड़ी दो गाड़ी की टक्कर से , कच्चा लोहा सड़क पर बिखरा; सूचना के बाद भी नहीं पहुंची पुलिस।
सरायकेला/चौका
सरायकेला-खरसावां जिले के चौका थाना अंतर्गत चौका घाटी में एक आयरन लदी भारी वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे वाहन में लदा कच्चा लोहा सड़क पर बिखर गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसे के बाद गाड़ी चालक द्वारा थाने को कोई सूचना नहीं दी गई। सुबह जब राहगीर वहां से गुजर रहे थे तो देखा गया कि सड़क पर गिरा हुआ कच्चा लोहा दूसरे वाहन में लोड किया जा रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय लोगों ने तत्काल जिला के मोटरयान निरीक्षक (MVI) और चौका थाना प्रभारी को फोन पर सूचना दी, लेकिन समाचार लिखे जाने तक मौके पर कोई पुलिस पदाधिकारी नहीं पहुंचा था, जिससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि आए दिन इस घाटी में ओवरलोड आयरन गाड़ियां बेरोकटोक चलती हैं और हादसे के बाद माल को इस तरह उठा ले जाना कहीं न कहीं मिलीभगत की ओर इशारा करता है।
वहीं इस संबंध में चौका थाना प्रभारी से संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि उन्हें ऐसी कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है, पेट्रोलिंग गाड़ी भेजता हूं लेकिन वहां तो पेट्रोलिंग गाड़ी पहुंचने की कोई सूचना नहीं मिली है ।
ग्रामीणों ने जिला परिवहन पदाधिकारी और एसपी सरायकेला से पूरे मामले की जांच कर उक्त गाड़ियों के कागजात जांचने की मांग की है।
मुआवजे की मांग पर आक्रोशित ग्रामीणों ने शव के साथ खरसावां चांदनी चौक को किया जाम, डेढ़ घंटे के बाद एक लाख मुआवजा के आश्वासन से हटा जाम।
सरायकेला-खरसावां
खरसावां थाना क्षेत्र के बनाईकेला चौक के समीप शुक्रवार को सड़क हादसे में पीडीएस दुकानदार सह संतीकुदर निवासी करम सिंह बोदरा (55) की मौत के बाद शनिवार को ग्रामीणों और आदिवासी हो समाज महासभा के लोगों ने मुआवजे की मांग को लेकर शव के साथ खरसावां चांदनी चौक जाम कर दिया। दोपहर करीब 1:30 बजे शुरू हुआ सड़क जाम लगभग डेढ़ घंटे तक चला। अधिकारियों और वाहन मालिक की ओर से मुआवजे का आश्वासन मिलने के बाद करीब 3 बजे जाम हटाया गया।
सड़क जाम की सूचना पर खरसावां अंचल अधिकारी कप्तान सिंकू, खरसावां थाना प्रभारी राहुल कुमार सिंह और आमदा ओपी प्रभारी रामरेखा पासवान पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आक्रोशित ग्रामीणों और मृतक के परिजनों से वार्ता की।
वार्ता के दौरान मालवाहक 407 वाहन के मालिक की ओर से मृतक के परिवार को कुल एक लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी। इसमें तत्काल 50 हजार रुपये दिए गए, जबकि शेष 50 हजार रुपये तीन से पांच दिनों के भीतर देने की बात कही गई। इसके अलावा वाहन के इंश्योरेंस से मिलने वाले मुआवजे का भी आश्वासन दिया गया। इसके बाद ग्रामीणों ने सड़क जाम समाप्त कर दिया।
प्रदर्शन के दौरान आदिवासी हो समाज महासभा के मनोज सोय सहित मृतक के परिजन, समाज के लोग और संतीकुदर के ग्रामीण मौजूद रहे।
राशन लेने के बाद नातियों को स्कूल से लेकर लौट रहे थे बताया गया कि करम सिंह बोदरा शुक्रवार को अपनी हीरो सुपर स्प्लेंडर बाइक संख्या जेएच 06 पी 2306 से खरसावां प्रखंड परिसर स्थित राज्य खाद्य निगम (एसएफसी) गोदाम से अपनी पीडीएस दुकान का राशन लेने गए थे। राशन उठाने के बाद वे देहरूडीह स्थित आदर्श ग्लोबल पब्लिक स्कूल पहुंचे और वहां पढ़ने वाले अपने दोनों नातियों को बाइक पर बैठाकर संतीकुदर लौट रहे थे।
इसी दौरान बनाईकेला चौक के समीप उनकी बाइक दुर्घटनाग्रस्त हो गई। बताया गया कि उनके पीछे पीडीएस दुकान का राशन लदा 407 वाहन भी आ रहा था। हादसे में करीब 70 क्विंटल राशन लदा 407 वाहन अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खेत में पलट गया।
दुर्घटना में करम सिंह बोदरा और उनके दोनों नाती गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से तीनों को खरसावां के एक निजी नर्सिंग होम ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने करम सिंह बोदरा को जांच के बाद मृत घोषित कर दिया।
हादसे में उनके नाती निखिल बोदरा (8), पिता मांगीलाल बोदरा, के सिर और पैर में चोट लगी है। वहीं दूसरे नाती बिरज सिंह बोदरा (10), पिता हरिचरण बोदरा, के सिर और हाथ में चोट आई है। दोनों आदर्श ग्लोबल पब्लिक स्कूल, देहरूडीह में क्रमशः कक्षा दो और कक्षा तीन के छात्र हैं।
जर्जर सड़क बनी जानलेवा! गहरे गड्ढे में फंसी दो मालवाहक गाड़ियां।
सरायकेला/चांडिल
वोट देकर विधायक को गद्दी पर बैठाने वाली जनता बेहाल – जनप्रतिनिधि और प्रशासन मौन।
सड़क पर नहीं, गड्ढों में चल रही है जिंदगी।
हल्की बारिश ने प्रशासन व जनप्रतिनिधि की खोल दी पोल।
तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह बदहाली और लापरवाही की भेंट चढ़ी इस सड़क पर दो बड़ी मालवाहक ट्रकें गहरे गड्ढे और कीचड़ में फंस कर दम तोड़ चुकी हैं। एक ट्रक का आधा हिस्सा धंस गया है तो दूसरी गाड़ी घंटों से उसी जगह खड़ी है, निकलने का कोई रास्ता नहीं।
सविता महतो, विधायक, ईचागढ़ विधानसभा
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। यह सड़क महीनों से नहीं, सालों से जर्जर है। बरसात में तो हालात नरक से भी बदतर हो जाते हैं। बड़े-बड़े गड्ढे पानी में तालाब बन जाते हैं और रोजाना कोई न कोई वाहन उसमें फंस जाता है।
सबसे बड़ा सवाल – जनप्रतिनिधि कहां हैं?
जिस जनता ने अपने एक-एक वोट से विधायक जी को गद्दी पर बैठाया, आज वही जनता इस टूटी सड़क पर अपनी किस्मत को कोस रही है। चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे करने वाले जनप्रतिनिधि अब AC कमरों में बैठे हैं और जनता की इस परेशानी को देखने वाला कोई नहीं है।
प्रशासन की अनदेखी भी कम नहीं है। कई बार शिकायत करने के बाद भी न तो सड़क की मरम्मत हुई, न ही गड्ढों को भरने की जहमत उठाई गई। क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है?
यक्ष प्रश्न:
1. आखिर कब तक जनता इस जानलेवा सड़क पर चलने को मजबूर रहेगी?
2. सरकार द्वारा निर्धारित प्रत्येक तरह के टैक्स का पैसा कहांजा रहा है जब सड़क की ये हालत है?
3. क्या जनप्रतिनिधि और प्रशासन की आंखें तब खुलेंगी जब कोई बड़ी जनहानि होगी?
4.कहां है पथ निर्माण विभाग।
5.कहां है परिवहन पदाधिकारी।
जनता नेताओं से पूछ रही है – वोट हमारा, तो सजा भी हमारी ही क्यों?
ओवरलोड हाईवा-टिप ट्रेलर से NH-33, 32 पर मौत का सफर, आरटीओ-डीटीओ की कार्यशैली पर सवाल।
सरायकेला
18 टन की जगह 48 टन, 40 टन की जगह 80 टन लादकर दौड़ रही गाड़ियां, हर महीने “पगड़ी” का आरोप
झारखंड में सड़कों की बदहाली और सड़क दुर्घटनाओं के लिए ओवरलोडेड वाहन जिम्मेदार माने जा रहे हैं। खासकर NH-33 और NH-32 पर क्षमता से 3 गुना तक माल लादकर दौड़ रहे हाईवा और टिप ट्रेलर आम लोगों के लिए काल बनते जा रहे हैं।
नियम ताक पर, सड़क पर खतरा परिवहन नियमों के अनुसार NH-33 और NH-32 पर किसी भी मालवाहक वाहन की अधिकतम क्षमता 18 टन निर्धारित है। लेकिन हकीकत में हाईवा में 15 टन की जगह 48 टन तक और टिप ट्रेलर में 40 टन की जगह 80 टन तक आयरन ओर लादकर सरपट दौड़ाया जा रहा है।
ओवरलोड के कारण न सिर्फ सड़कें कुछ ही महीनों में गड्ढों में तब्दील हो रही हैं, बल्कि वाहनों का नियंत्रण भी मुश्किल हो गया है। तेज रफ्तार और ब्रेक फेल होने से रोजाना छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं। राहगीरों और आम नागरिकों की जान जोखिम में है।
आरटीओ-डीटीओ और ट्रैफिक पुलिस की भूमिका सवालों में* सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्षमता से अधिक लोड लेकर वाहन सड़क पर कैसे उतर रहे हैं? सूत्रों के अनुसार ओवरलोडिंग के बदले हर महीने हाईवा से 8 हजार रुपये और टिप ट्रेलर से 15 हजार रुपये तक “पगड़ी” वसूली जाती है। इसी कारण कानून व्यवस्था लागू करने वाला सिस्टम ही ओवरलोडिंग को बढ़ावा दे रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि चेकिंग के नाम पर खानापूर्ति होती है। अंडर-लोड के बजाय ओवर-लोड वाहनों को खुलेआम अनुमति मिल रही है।
सड़कें टूटीं, दुर्घटनाएं बढ़ीं ओवरलोड वाहनों के दबाव से NH-33 और NH-32 समेत जिला की कई सड़कें उखड़ गई हैं। जगह-जगह गड्ढे, उड़ती धूल और टूटे डामर से वाहन चालकों को दुर्घटना का डर हर पल सताता है। दोपहिया चालक और पैदल यात्री सबसे अधिक प्रभावित हैं।
आम जनता की मांग लोगों का कहना है कि जब तक ओवरलोडिंग पर सख्त कार्रवाई नहीं होगी, सड़क दुर्घटनाएं और सड़कों की बदहाली नहीं रुकेगी। आम नागरिकों और राहगीरों ने जिला प्रशासन, आरटीओ, डीटीओ और ट्रैफिक पुलिस से मांग की है कि:
1. सभी प्रमुख चौक-चौराहों पर वजन कांटा लगाकर सघन जांच हो। 2. ओवरलोड वाहनों पर भारी जुर्माना और वाहन जब्ती की कार्रवाई हो। 3. “पगड़ी” व्यवस्था पर अंकुश लगाकर दोषी अधिकारियों-कर्मियों पर कार्रवाई हो।
फिलहाल ओवरलोड के कारण सड़कें ही नहीं, लोगों का भरोसा भी टूट रहा है। अब देखना है कि प्रशासन इस “मौत के कारोबार” पर कब लगाम लगाता है।
अनियंत्रित बाइक की चपेट में आने से श्राद्ध कर्म में जा रही महिला की हुई मौत।
सरायकेला/ईचागढ़
सरायकेला-खरसावां जिला के ईचागढ़ थाना क्षेत्र के मिलन चौक तिरूलडीह सड़क पर मिलन चौक मुण्डा गैरेज के पास सोमवार को एक अनियंत्रित बाइक के चपेट में आने से बाइक सवार महिला की मौत हो गई। अनियंत्रित बाइक ठोकर मारकर फरार हो गया।महिला की पहचान ईचागढ़ थाना क्षेत्र के बीरडीह निवासी 37 वर्षीय कुमारी अकाली के रूप में हुई है।
मिली जानकारी के अनुसार महिला अपने पति मान गोविन्द सिंह माझी के साथ बाइक पर बंगाल के उरमाल एक श्राद्ध कर्म में भाग लेने जा रही थी। सामने से आ रही एक अनियंत्रित बाइक के ठोकर मारने से दंपति घायल होकर सड़क पर गिर पड़े।
स्थानीय लोगों ने तत्काल मिलन चौक के एक नर्सिंग होम में भर्ती कराया जहां से उसे बेहतर इलाज हेतु सिल्ली भेजा गया। रास्ते में ही महिला की मौत हो गई। थाना प्रभारी वरूण यादव ने बताया कि लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु सरायकेला सदर अस्पताल भेज दिया गया एवं मामले की तहकीकात किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि घटना कारीत कर भागे बाइक व चालक का पता लगाया जा रहा है, बहुत जल्द बाइक को जप्त कर लिया जाएगा।
अनियंत्रित तेल टैंकर सड़क से नीचे पलटा, बड़ा हादसा टला, जमीन पर बह गया डीजल।
सरायकेला/ईचागढ़
( मालखान महतो )
सरायकेला-खरसावां जिले के ईचागढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत सिल्ली–रांगामाटी मुख्य सड़क पर दुबराजपुर के समीप शुक्रवार को एक तेल टैंकर अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे पलट गया। चालक किसी तरह छलांग लगाकर जान बचाई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टैंकर अचानक चालक का संतुलन बिगड़ने से सड़क किनारे नीचे जा पलटा। घटना के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
घटना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। टैंकर को सुरक्षित हटाने तथा यातायात सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। दुर्घटना के कारणों की जांच किया जा रहा है। डीजल तेल से भरे टेंकर पलटने से काफी डीजल खेत में गिरने से बह गया। हांलांकि बचे हुए डीजल को दुसरे टंकी में भरकर टैंकर खाली किया जा रहा, ताकि खाली कर टैंकर को उठाया जा सके। टैंकर रांची से जमशेदपुर जा रहा था।
भाजपा नेत्री मीरा मुंडा की कार ऑटो से टकराई, हादसे के बाद दिखाई मानवता।
सरायकेला/आदित्यपुर
सरायकेला-खरसावां के आदित्यपुर थाना क्षेत्र से एक और दुर्घटना की खबर सामने आ रही है जिसमें की आदित्यपुर थाना क्षेत्र स्थित टोल ब्रिज के समीप रविवार दोपहर करीब 1:30 बजे पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा की धर्मपत्नी एवं भाजपा नेत्री मीरा मुंडा की कार एक ऑटो से टकरा गई।
गनीमत रही कि इस हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, हालांकि टक्कर के कारण मीरा मुंडा की कार क्षतिग्रस्त हो गई लेकिन भाजपा नेत्री मीरा मुंडा ने बेहद संवेदनशील और मानवीय व्यवहार का परिचय देते हुए उन्होंने सबसे पहले ऑटो चालक का हालचाल जाना। मीरा मुंडा ने चालक से पूछा, “आपको कहीं चोट तो नहीं लगी?” जब यह सुनिश्चित हो गया कि चालक पूरी तरह सुरक्षित है, तो उन्होंने बिना किसी बहस या कानूनी विवाद के उसे वहाँ से जाने दिया।
मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों ने मीरा मुंडा के इस सहृदय व्यवहार की जमकर सराहना की। घटना की सूचना मिलते ही आदित्यपुर नगर निगम के महापौर संजय सरदार, वार्ड संख्या-11 के पार्षद पुत्र गोपी सिंह सहित कई भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय लोग भी तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे।
आमतौर पर सड़क हादसों के बाद तीखे विवादों उत्पन्न होती है। कई बार मारपीट की स्थिति बन जाती है लेकिन रविवार को हुए सड़क हादसे में भाजपा नेत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा की धर्म पत्नी ने मानवता दिखाते हुए ऑटो चालक को घटनास्थल से सकुशल जाने दिया।
अनियंत्रित 18 चक्का टीप टैलर पुल के नीचे नदी में गीरा, चालक गंभीर रूप से घायल।
सरायकेला/ईचागढ़
सरायकेला-खरसावां जिला के ईचागढ़ थाना क्षेत्र के सिल्ली रांगामाटी सड़क पर टीकर पुल के नीचे एक अनियंत्रित टीप टेलर नदी में गीरा। चालक किसी तरह नदी में छलांग लगाकर जान बचाई। चालक छलांग लगाने से गंभीर रूप से घायल हो गया। चालक नदी में तैरकर किसी तरह नदी से निकला और राहगीरों ने उसे टीकर में एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
जानकारी के अनुसार हजारीबाग से जमशेदपुर की ओर जा रहा खाली 18 चक्का टीप टैलर पुल तक पहुंचते ही अनियंत्रित होकर पुल के नीचे नदी में जा गीरा। चालक अपने को बचाने के लिए नदी में छलांग लगा दिया और नदी का धार में बहते हुए कुछ दुर में एक किनारे नदी से घायल अवस्था में निकला ।
घटना की सुचना मिलते ही ईचागढ़ पुलिस घटनास्थल पर पहुंचे और मामले का तहकिकात शुरू किया। घटना सोमवार की रात करीब 8 बजे की बताई जा रही है। चालक की पहचान हजारीबाग जिला के गरहर थाना क्षेत्र के बरकट्ठा निवासी 28 वर्षीय कृष्णा तिवारी के रूप में हुई है। चालक कृष्णा तिवारी का इलाज टीकर के एक नर्सिंग होम में किया जा रहा है एवं उसकी हालत गंभीर बताया जा रहा है। सीर ,नाक, मुंह एवं हाथ में गंभीर चोट है। टीप टैलर को नदी से बाहर निकालने का अभी तक कोशिश नहीं किया गया है। बताया जा रहा है कि पुल के नीचे गिरने से टीप टैलर को निकालने में काफी मशक्कत करना पड़ेगा। पुलिस मामले की तहकीकात में जुटी है।
खरसावां-सरायकेला मुख्य मार्ग के कदमडीहा मे दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर, चार घायल, एक की हालत गंभीर।
सरायकेला-खरसावां
खरसावां थाना क्षेत्र के अंतर्गत खरसावां–सरायकेला मुख्य मार्ग पर कदमडीहा गांव के समीप शनिवार दोपहर करीब 3:30 बजे दो बाइकों की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में दोनों बाइकों पर सवार चार लोग घायल हो गए। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई।
स्थानीय लोगों की सूचना पर खरसावां पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से सभी घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, खरसावां पहुंचाया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद एक घायल की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए सरायकेला सदर अस्पताल रेफर कर दिया।
मिली जानकारी के अनुसार एक बाइक पर सवार सरायकेला के दूधी गांव निवासी सोनम सालडी (15 वर्ष), प्रिया सोरेन (16 वर्ष) तथा बादल बिरूली (24 वर्ष) खरसावां में अपने जीजा के घर जा रहे थे। इसी दौरान कदमडीहा गांव के समीप खरसावां से सरायकेला की ओर जा रही दूसरी बाइक से उनकी सीधी भिड़ंत हो गई।
हादसे में चारों लोग घायल हुए हैं। इनमें से दूधी गांव के तीनों घायलों को हल्की चोटें आई हैं, जबकि दूसरी बाइक सवार एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ है। उसकी पहचान समाचार लिखे जाने तक नहीं हो सकी थी।
खरसावां पुलिस ने दुर्घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं गंभीर घायल की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है।
तेज़ रफ्तार ने छीन ली जिंदगी, दो बाइक की आपस की टक्कर में एक युवक की हुई मौत।
सरायकेला/आदित्यपुर
सरायकेला खरसावां जिले के आदित्यपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मर्सिडीज़ शोरूम के समीप तेज रफ्तार दो बाइक की टक्कर ने एक युवक की जिंदगी छीन ली। मृतक की पहचान देवाशीष साहू के रूप में की गई है जो मूल रूप से उड़ीसा नयागढ़ का रहने वाला है। साथ ही वह आदित्यपुर नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में नर्सिंग का छात्र था।
आपको बताते चलें की रविवार को दिन के करीब 11:00 बजे आदित्यपुर की ओर से आ रही तेज रफ्तार दो बाइक की टक्कर हो गई जिसमें एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। जिसे स्थानीय थाना द्वारा एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल पहुंचाया लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण अस्पताल में उपचार के उपरांत डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
दुर्घटना इतनी भयावा थी कि टक्कर के बाद युवक के सर में जोरदार चोट लग गई जिसके कारण सड़क पर ही गिर पड़ा। सूत्रों द्वारा सूचना मिली है कि गंभीर युवक के सड़क पर गिर जाने के बाद दूसरा बाइक चालक घटनास्थल से मौका देखकर फरार हो गया।
वहीं इस पूरे घटना की सूचना स्थानीय थाना को दी गई सूचना मिलते ही स्थानीय थाना घटनास्थल पर पहुंची और गंभीर रूप से घायल युवक को एंबुलेंस के माध्यम से उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया स्थानीय थाना की पुलिस ने दोनों बाइक को अपने कब्जे में लेकर थाने ले गई और दूसरे बाइक सवार की तलाश की जा रही है।
चौका थाना क्षेत्र के एन एच 33 बड़ामटांड के समीप शुक्रवार देर रात सड़क किनारे खड़े एक टिप ट्रेलर से हाइवा के टकरा जाने से चालक और खलासी की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भीषण था कि हाइवा का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और दोनों वाहन के केबिन में फंस गए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार टाटा से रांची की ओर जा रही हाइवा अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े ट्रेलर में पीछे से जा घुसी। टक्कर की तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और देखते ही देखते घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। ग्रामीणों ने तत्काल घटना की सूचना चौका थाना पुलिस को दी।
सूचना मिलते ही चौका थाना प्रभारी सोनू कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पहुंचे और राहत-बचाव कार्य शुरू कराया। भाजपा नेता आकाश महतो, समाजसेवी नयन सिंह स्थानीय युवाओं एवं जेसीबी मशीन की मदद से काफी मशक्कत के बाद केबिन में फंसे चालक और खलासी को बाहर निकाला गया। तब तक एक की मौके पर ही मौत हो चुकी थी, जबकि दूसरे ने अस्पताल ले जाने के दौरान दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान ईचागढ़ थाना क्षेत्र के नदीसाई, हुंडी निवासी 25 वर्षीय गुरुपद महतो तथा नीमडीह थाना क्षेत्र के केतूंगा केंदडीह निवासी 25 वर्षीय धर्मेंद्र महतो के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है तथा मामले की जांच शुरू कर दी है।
अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरायी कार, बाल बाल बचे सवारी, कार के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए।
सरायकेला/ईचागढ़
( मालखान महतो )
सरायकेला खरसावां जिले से एक और दुर्घटना की खबर निकलकर सामने आ रही है जहां पर एक नियंत्रित सुजुकी अर्टिगा कार पेड़ से जा टकराई।
घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसारसरायकेला खरसावां जिले केईचागढ़ प्रखंड के गौरांग कोचा के पास एक भीषण सड़क हादसा हो गया। एक तेज रफ्तार मारुति सुजुकी अर्टिगा कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे एक पेड़ से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए। गनीमत यह रही कि इस भयानक हादसे में किसी की जान जाने की खबर नहीं है, लेकिन इलाके में हड़कंप मच गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह दुर्घटना गुरुवार सुबह करीब 4:30 बजे की है। बताया जा रहा है कि मारुति सुजुकी अर्टिगा कार ईचाडीह से चांडिल की ओर जा रही थी। तभी गौरांग कोचा के समीप चालक ने वाहन पर से अपना नियंत्रण खो दिया , जिससे अनियंत्रित होकर कार सीधे सड़क के किनारे खड़े एक मोटे पेड़ से जा टकराया।
जोरदार टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर दौड़ पड़े। अंधेरा और सुबह का समय होने के कारण शुरुआत में लोगों को लगा कि कोई बहुत बड़ी अनहोनी हो गई । शेख अरमान ने बताया कि अर्टिगा कार का बोनट और अगला हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। गाड़ी की हालत देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि टक्कर कितनी भयानक रही होगी।