कुकड़ू प्रखंड में जिला पंचायती राज पदाधिकारी द्वारा विभिन्न योजनाओं एवं संस्थानों का औचक निरीक्षण।
सरायकेला/ईचागढ़
जिला पंचायती राज पदाधिकारी सह वरीय पदाधिकारी, सुरेन्द्र उरांव द्वारा कुकड़ू प्रखंड अंतर्गत विभिन्न योजनाओं का स्थलीय निरीक्षण एवं संबंधित पदाधिकारियों के साथ समीक्षा की गई। निरीक्षण के क्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना, अबुआ आवास योजना, पीडीएस दुकान, उप स्वास्थ्य केंद्र तिरूलडीह तथा पंचायत भवन का निरीक्षण कर विभिन्न व्यवस्थाओं एवं योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति का जायजा लिया गया।
निरीक्षण के दौरान संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को योजनाओं का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही आमजनों को योजनाओं का लाभ पारदर्शी एवं सुगम तरीके से उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया। उप स्वास्थ्य केंद्र तिरूलडीह के निरीक्षण के क्रम में उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं, साफ-सफाई एवं आवश्यक व्यवस्थाओं का अवलोकन किया गया। वहीं पीडीएस दुकान निरीक्षण के दौरान लाभुकों को निर्धारित मात्रा एवं समय पर खाद्यान्न वितरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं बीपीएचयू गम्हरिया का उपायुक्त ने किया औचक निरीक्षण।
सरायकेला/गम्हरिया
स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार, निशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार एवं लापरवाही पर कार्रवाई के दिए निर्देश।
सरायकेला-खरसावांजिलेके उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह के द्वारा आज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गम्हरिया एवं बीपीएचयू (ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट) गम्हरिया का औचक निरीक्षण किया गया। ज्ञात हो कि दिनांक 09 मई 2026 को अनुमंडल पदाधिकारी, सरायकेला द्वारा सीएचसी गम्हरिया का औचक निरीक्षण किया गया था, जिसमें स्वास्थ्य सेवाओं एवं व्यवस्थाओं से संबंधित विभिन्न प्रकार की त्रुटियां एवं अनियमितताएं पाई गई थीं।
इसी के आलोक में स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार, आमजनों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा लापरवाही पर कार्रवाई सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त द्वारा महिला एवं पुरुष वार्ड, प्रतीक्षालय, दवा भंडार कक्ष, स्टॉक रूम, चिकित्सा वार्ड, जांच घर, पेयजल एवं शौचालय व्यवस्था, विद्युत आपूर्ति, जनरेटर, इनवर्टर, सोलर व्यवस्था, बीपीएचयू सहित अस्पताल परिसर में उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर एवं स्टोर रूम में अनुपयोगी एवं कचरा स्वरूप पड़े सामानों को हटाकर नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
साथ ही जनरेटर व्यवस्था को अविलंब दुरुस्त करने का निर्देश भी संबंधित पदाधिकारियों को दिया गया। दवा स्टॉक रूम के निरीक्षण के दौरान कई प्रकार की एक्सपायर एवं आगामी माह में एक्सपायर होने वाली दवाएं पाई गईं। इस पर उपायुक्त ने गंभीर नाराजगी व्यक्त करते हुए अनुमंडल पदाधिकारी को अनुमंडल स्तर से टीम गठित कर संपूर्ण स्टोर रूम की जांच कराने का निर्देश दिया।
साथ ही उपलब्ध दवाओं एवं अन्य सामग्रियों का स्टॉक मिलान करने तथा स्टोर रूम में रखी गई सामग्रियों का भौतिक सत्यापन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। उपायुक्त ने अनुपयोगी एवं जर्जर सामग्रियों की सूची तैयार कर समिति गठित करते हुए नियमानुसार नीलामी की प्रक्रिया संचालित करने तथा एक्सपायर दवाओं का सुरक्षित एवं नियमानुसार निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश भी दिया।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं बीपीएचयू गम्हरिया में उपलब्ध सभी निशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं की विस्तृत सूची तैयार कर उसे प्रमुख स्थानों पर प्रदर्शित किया जाए। सूची में स्वास्थ्य जांच, ब्लड टेस्ट, यूरिन टेस्ट, विभिन्न प्रकार की लैब जांच, दवा वितरण, परामर्श सहित केंद्र में उपलब्ध सभी सुविधाओं का स्पष्ट उल्लेख किया जाए, ताकि आमजनों को यह जानकारी मिल सके कि उक्त सभी सेवाएं पूर्णतः निशुल्क उपलब्ध हैं।
उन्होंने निर्देश दिया कि स्वास्थ्य केंद्र परिसर के प्रवेश द्वार, प्रतीक्षालय एवं अन्य प्रमुख स्थानों पर बड़े एवं स्पष्ट सूचना पट्ट, बैनर अथवा स्टिकर लगाए जाएं, जिससे मरीजों एवं उनके परिजनों को उपलब्ध निशुल्क सुविधाओं की जानकारी आसानी से प्राप्त हो सके।सीएचसी गम्हरिया निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त द्वारा उपस्थित चिकित्सा पदाधिकारियों, प्रखंड कार्यक्रम प्रबंधक (बीपीएम), एएनएम, स्वास्थ्य कर्मियों एवं अन्य संबंधित पदाधिकारियों के साथ बैठक की गई।
बैठक के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि यह देखा जाता है कि रोस्टर के अनुसार चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मी अपने कार्यस्थल पर विलंब से पहुंचते हैं तथा रात्रि ड्यूटी में तैनात चिकित्सा पदाधिकारी एवं कर्मी कई बार कार्य में लापरवाही बरतते हुए अपने कार्यस्थल पर उपस्थित नहीं रहते हैं।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि ऐसी स्थिति किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। स्वास्थ्य केंद्रों का नियमित निरीक्षण किया जाएगा तथा जिला स्तर से सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। समीक्षा बैठक के दौरान उपायुक्त ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिकता आमजनों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
उन्होंने कहा कि सभी चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मी अपने कार्यशैली में सुधार लाएं, निर्धारित समय पर स्वास्थ्य केंद्र में उपस्थित रहें तथा मरीजों के साथ संवेदनशीलता, मानवीयता एवं जिम्मेदारी के साथ व्यवहार करें। उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि मरीजों की सेवा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही, उदासीनता अथवा अनुशासनहीनता किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। साथ ही चेतावनी दी गई कि कार्य में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित चिकित्सक एवं कर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के दौरान बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली में त्रुटि पाए जाने एवं अनुपस्थित पदाधिकारी एवं कर्मियों को शोकॉज करते हुए एक दिन के वेतन कटौती का निर्देश दिया गया। साथ ही तीन वर्ष से अधिक अवधि से एक ही स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थापित चिकित्सकों एवं कर्मियों को अन्यत्र स्थानांतरित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि सीएचसी गम्हरिया में डेपुटेशन पर कार्यरत चिकित्सा पदाधिकारी एवं कर्मियों का डेपुटेशन रद्द करते हुए उन्हें अपने मूल कार्यस्थल पर वापस जाकर योगदान देने हेतु निर्देशित किया जाए।
निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त द्वारा विभिन्न वार्डों में भर्ती मरीजों से भी स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। उपायुक्त ने मरीजों से यह जानने का प्रयास किया कि चिकित्सा पदाधिकारी एवं कर्मी उनके साथ संवेदनशीलता एवं जवाबदेही के साथ व्यवहार करते हैं अथवा नहीं तथा किसी जांच या दवा के नाम पर अवैध राशि की मांग तो नहीं की जाती है। इस दौरान मरीजों द्वारा बताया गया कि स्वास्थ्य केंद्र में उन्हें आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं तथा किसी भी प्रकार की शिकायत मरीजों द्वारा नहीं की गई।
निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, सरायकेला अभिनव प्रकाश एवं सिविल सर्जन, सरायकेला-खरसावां डॉ. सरयू प्रसाद सिंह सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।
अनुमंडल पदाधिकारी, सरायकेला ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, गम्हरिया का किया औचक निरीक्षण।
सरायकेला-खरसावां
सरायकेला-खरसावां जिले के उपायुक्त नीतीश कुमार सिंह के निर्देशानुसार अनुमंडल पदाधिकारी, सरायकेला, अभिनव प्रकाश द्वारा दिनांक 12/05/2026 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, गम्हरिया का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान अस्पताल के विभिन्न वार्डों, औषधि भंडारण कक्ष, दवा वितरण व्यवस्था, अभिलेख संधारण, पेयजल, शौचालय एवं मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया गया।
निरीक्षण के क्रम में अस्पताल परिसर में साफ-सफाई, अभिलेखों के अद्यतन संधारण, दवाओं के व्यवस्थित रख-रखाव एवं मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं व्यवस्थित बनाए जाने की आवश्यकता पर बल दिया गया। औषधि भंडारण कक्ष के निरीक्षण के दौरान दवाओं के उचित संधारण एवं निर्धारित मानकों के अनुरूप रख-रखाव सुनिश्चित करने हेतु संबंधित कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। साथ ही पेयजल, शौचालय की स्वच्छता एवं वार्डों की व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया।
अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा संबंधित चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों को निर्देशित किया गया कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को गुणवत्तापूर्ण एवं बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए साफ-सफाई, दवा उपलब्धता, अभिलेख संधारण एवं सभी मूलभूत व्यवस्थाओं का नियमित अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाए। निरीक्षण के दौरान चिन्हित बिंदुओं के संबंध में आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई करते हुए सभी व्यवस्थाओं को निर्धारित मानकों के अनुरूप सुदृढ़ करने का निर्देश दिया गया।
वाहनों का सुरक्षा मानकों एवं परिवहन दस्तावेजों की हुई जांच, नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की दी गई चेतावनी।
सरायकेला/गम्हरिया
उपायुक्त के निर्देशानुसार स्कूली बसों एवं विद्यार्थियों के परिवहन में लगे वाहनों का विशेष जांच अभियान संचालित, निर्धारित क्षमता से अधिक विद्यार्थियों के परिवहन पर होगी कार्रवाई।
उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह के निर्देशानुसार जिले में स्कूली बच्चों की सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विशेष जांच अभियान संचालित किया जा रहा है। इस क्रम में जिला परिवहन पदाधिकारी गिरजा शंकर महतो के मार्गदर्शन में दिनांक 30 अप्रैल, 2026 को गम्हरिया स्थित जेवियर स्कूल के समीप मोटरयान निरीक्षक दिलीप कुमार एवं रवि प्रसाद द्वारा स्कूली बसों एवं विद्यार्थियों के परिवहन में संलग्न वाहनों की जांच की गई।
अभियान के दौरान वाहनों के परिवहन संबंधी दस्तावेज जैसे बीमा, फिटनेस, टैक्स, प्रदूषण प्रमाण-पत्र एवं परमिट की जांच की गई। साथ ही निर्धारित क्षमता से अधिक विद्यार्थियों के परिवहन (ओवरलोडिंग) पर विशेष निगरानी रखते हुए आवश्यक कार्रवाई की गई।
जांच के क्रम में स्कूली वाहनों में माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का अनुपालन भी जांचा गया, जिसमें बस के आगे-पीछे “स्कूल बस” अथवा “On School Duty” अंकन, प्राथमिक उपचार बॉक्स, अग्निशमन यंत्र, खिड़कियों में जाली, सुरक्षित दरवाजा लॉक, विद्यालय का नाम एवं संपर्क संख्या का अंकन, निर्धारित गति सीमा का पालन, चालक के वैध लाइसेंस, परिचालक (Attendant) की उपलब्धता एवं विद्यार्थियों की सूची जैसे प्रावधान शामिल हैं।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि विद्यालय प्रबंधन एवं वाहन स्वामी सभी निर्धारित मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करें। नियमों की अवहेलना पाए जाने पर नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन द्वारा सभी विद्यालय प्रबंधन एवं अभिभावकों से अपेक्षा की गई है कि वे बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। विद्यालय यह सुनिश्चित करें कि उनके द्वारा संचालित सभी वाहन निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप हों, वहीं अभिभावक भी अपने बच्चों के परिवहन में उपयोग हो रहे वाहनों की सुरक्षा एवं वैधता की जानकारी अवश्य लें। सुरक्षित परिवहन व्यवस्था से ही विद्यार्थियों का सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित किया जा सकता है।
झारखंड सरकार के सचिव एवं जोनल आईजी ने कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण करते हुए तैयारियों की समीक्षा की।
सरायकेला/आदित्यपुर
भारत की माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का 29 दिसंबर को जमशेदपुर एवं आदित्यपुर आगमन प्रस्तावित है। माननीय राष्ट्रपति के कार्यक्रम के मद्देनजर जिला प्रशासन द्वारा सभी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसी क्रम में सचिव- वाणिज्य कर विभाग, झारखंड सरकार अमिताभ कौशल तथा जोनल आईजी मनोज कौशिक द्वारा परिसदन जमशेदपुर में माननीय राष्ट्रपति के कार्यक्रम की तैयारियों हेतु समीक्षा बैठक की गई। उपायुक्त पूर्वी सिंहभूम कर्ण सत्यार्थी, उपायुक्त सरायकेला खरसांवा नितिश कुमार सिंह, एसएसपी पूर्वी सिंहभूम पीयूष पांडेय, एसपी सरायकेला खरसावां मुकेश लुणायत समेत अन्य प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी बैठक में उपस्थित रहे ।
बैठक में परिभ्रमण मार्ग का मैपिंग करने, यातायात प्रबंधन, रास्ते से निर्माण सामग्री को हटाने, आवश्यकतानुरूप बेरिकेटिंग, पर्याप्त संख्या में दण्डाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी तथा पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति और ब्रिफिंग, रिहर्सल, पूरे क्षेत्र को नो फ्लाई जोन घोषित करने, प्रोटोकॉल का अनुपालन के संबंध में समीक्षा पर व्यवधानरहित कार्यक्रम संपन्न कराने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए ।
बैठक उपरांत सचिव एवं जोनल आईजी द्वारा करनडीह स्थित कार्यक्रम स्थल एवं एनआईटी जमशेदपुर के अलावे एयरपोर्ट का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पदाधिकारियों द्वारा सुरक्षा एवं विधि व्यवस्था संधारण की समीक्षा की गई तथा अचूक रूप से सभी तैयारियों को ससमय पूर्ण करने का निदेश दिया गया । इस दौरान ग्रामीण एसपी श्री ऋषभ गर्ग, सिटी एसपी कुमार शिवाशीष, डीडीसी नागेन्द्र पासवान, एडीसी भगीरथ प्रसाद, नगर आयुक्त आदित्यपुर एवं उप नगर आयुक्त जेएनएसी, डीटीओ, ट्रैफिक डीएसपी तथा सरायकेला खरसावां जिला के भी संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे ।
अंचल अधिकारी ईचागढ़ द्वारा पातकुम मोड़ एवं इचागढ़ थाना क्षेत्र के समीप स्थापित चेकनाका का निरीक्षण।
सरायकेला-खरसावां
अवैध बालू खनन पर नियंत्रण हेतु दिए आवश्यक दिशा निर्देश।
अंचल अधिकारी ईचागढ़ दीपक प्रसाद द्वारा पातकुम प्रखंड मोड़ इचागढ़ एवं इचागढ़ थाना के समीप स्थापित चेकनाका का निरीक्षण किया गया। उक्त चेकनाका क्षेत्र में अवैध बालू खनन एवं परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से स्थापित है।
निरीक्षण के क्रम में अंचल अधिकारी ने चेकनाका पर तैनात कर्मियों को वाहन जांच में तत्परता बरतने, अभिलेखों के सही संधारण, संदिग्ध वाहनों की सतर्क निगरानी तथा अवैध खनन की रोकथाम हेतु सतत चौकसी बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच व्यवस्था में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और आवश्यकतानुसार कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
उप विकास आयुक्त ने राजनगर प्रखंड अंतर्गत संचालित विकास कार्यों का निरीक्षण किया
योजनाओं की प्रगति, अभिलेख संधारण एवं आधारभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण हेतु संबंधित पदाधिकारियों के दिए गए आवश्यक दिशा निर्देश।
सरायकेला-खरसावां
उप विकास आयुक्त, सरायकेला खरसावां सुश्री रीना हांसदा द्वारा आज राजनगर प्रखंड के विभिन्न क्षेत्रों में संचालित मनरेगा योजनाओं, प्रधानमंत्री आवास योजना, 15वीं वित्त आयोग मद से स्वीकृत कार्यों, आंगनबाड़ी केन्द्रों, विद्यालय परिसरों एवं बस स्टैंड निर्माण सहित कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों में तेजी लाने तथा सभी योजनाओं को निर्धारित समयावधि में गुणवत्तापूर्ण रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं से जुड़े अभिलेखों के सुव्यवस्थित, अद्यतन एवं सही संधारण को सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उप विकास आयुक्त ने स्पष्ट किया कि अभिलेख संधारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी।
विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों के निरीक्षण के दौरान उन्होंने साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय, पोषण सामग्री एवं अन्य आवश्यक आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता का जायजा लिया तथा कहा कि मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता हर स्थिति में सुनिश्चित की जाए। आवश्यक मरम्मत एवं सुधार कार्य शीघ्र पूरा करने के भी निर्देश दिए गए।
निरीक्षण कार्यक्रम के दौरान जॉनबानी पंचायत के ऑटोडीह गांव में मनरेगा कन्वर्जेंस मॉडल के तहत प्रस्तावित मॉडल मनरेगा पार्क के विकास को लेकर ग्रामीणों से विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि यह पार्क ग्रामीण सहभागिता से समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण रूप से विकसित किया जाएगा, जिससे ग्रामीण समुदाय को एक उपयोगी सार्वजनिक स्थल उपलब्ध हो सकेगा। उप विकास आयुक्त ने स्पष्ट चेतावनी दी कि विकास कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी, तथा निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
उपायुक्त ने राजाबासा गांव पहुंचकर योजना के क्रियान्वयन की ली जानकारी, ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर उनकी अन्य समस्याओं को जाना।
पूर्वी सिंहभूम/जमशेदपुर
घाटशिला के राजाबासा गांव अंतर्गत एक टोला में ‘मुख्यमंत्री उज्जवल झारखंड योजना’ के तहत विद्युत आपूर्ति शुरू, 6 परिवारों को मिला योजना का लाभ।
घाटशिला प्रखंड अंतर्गत राजाबासा गांव के एक टोला में मुख्यमंत्री उज्जवल झारखंड योजना के तहत आज से विद्युत आपूर्ति शुरु हो गई है । बिजली सुविधा से वंचित 6 परिवारों को इस योजना के अंतर्गत कनेक्शन प्रदान किया गया जिसपर ग्रामीणों ने खुशी जाहिर की ।
इस अवसर पर उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने राजाबासा गांव पहुंचकर योजना के क्रियान्वयन की गुणवत्ता का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि सभी 6 परिवारों को सुरक्षित और सुचारू ढंग से विद्युत सुविधा मिलती रहे, आगे किसी प्रकार की बाधा न आए। उपायुक्त ने ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित कर उनकी अन्य स्थानीय समस्याओं व आवश्यकताओं को भी सुना तथा मौके पर मौजूद घाटशिला बीडीओ को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उपायुक्त ने कहा कि मुख्यमंत्री उज्जवल झारखंड योजना के तहत छूटे हुए गांव-टोलों में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने का प्रयास है । योजनाबद्ध तरीके से कार्य किया जा रहा है, राज्य सरकार के निर्देशानुसार जिला प्रशासन का प्रयास है कि कोई भी परिवार मूलभूत सुविधा से वंचित न रहे ।
उपायुक्त ने किया नीमडीह प्रखंड व अंचल कार्यालय का औचक निरीक्षण
सरायकेला/ईचागढ़
( मालखान महतो) सरायकेला-खरसावां जिला के नीमडीह प्रखंड सह अंचल कार्यालय का शनिवार को जिला के उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने औचक निरीक्षण किया। उन्होंने प्रखंड कार्यालय में चल रहे मनरेगा,आबुआ आवास, पीएम आवास सहित कई योजनाओं का समीक्षा किया। उन्होंने अंचल कार्यालय में खारीज दाखिल,आय , आवासीय,जाती प्रमाण पत्र समय पर करने का निर्देश भी सक्षम पदाधिकारी व अंचल कर्मीयों को दिया। उन्होंने मनरेगा, सीडीपीओ, नजारत , आपरेट कक्ष सहित सभी विभाग के कक्षों में घुम घुम कर बारिकी से निरीक्षण किया।
उपायुक्त ने सभी विभाग के खाता वहीं का भी अवलोकन किया। विभागीय अधिकारियों से एक एक योजना के संबंध में जानकारी लिया। वहीं उपायुक्त सिंह ने पत्रकारों को बताया कि प्रखंड व अंचल कार्यालय का निरीक्षण किया गया, जिसमें वैसे कुछ त्रुटी नही मिला।
उन्होंने कहा कि म्यूटेशन संबधी जानकारी लिया गया और समय पर कार्य करने का निर्देश दिया गया। प्रखंड सह अंचल कार्यालय का निरीक्षण के बाद उन्होंने नीमडीह प्रखंड के झीमड़ी में नव निर्मित एक लव्य विद्यालय भवन एवं स्टेडीयम का भी निरीक्षण किया। उन्होंने नये एक लव्य विद्यालय भवन का सभी कमरों का निरीक्षण किया।
उप विकास आयुक्त ने किया कुकड़ू प्रखंड कार्यालय का निरीक्षण
सरायकेला/ईचागढ़
( मालखान महतो )
सरायकेला-खरसावां जिला के डीडीसी रीना हांसदा ने शुक्रवार को कुकड़ू प्रखंड कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बीडीओ कार्यालय में सभी विभागों से कार्य प्रगति की बारी बारी से जानकारी ली। उन्होंने मनरेगा,आबुआ आवास ,पीएम आवास, जेएसएलपीएस,15 वीं वित्त आयोग सहित आकांक्षी प्रखंड में चल रहे कल्याणकारी योजनाओं का प्रगति के संबंध में जानकारी लिया। उन्होंने क्वार्टरों का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सभी हल्का कर्मचारियों एवम सीआई को निर्देश दिया कि जाति, आय आवासीय प्रमाण पत्रों का निष्पादन ससमय करे।
इसी दौरान डीडीसी ने कहा कि कुकड़ू आकांक्षी प्रखंड है जिससे बीते दिनों आईएस ऑफिसरों का प्रशिक्षण होना है , प्रशिक्षण के दौरान आकांक्षी प्रखंड का दौरा कर फील्ड विजिट कर क्षेत्र का अवलोकन करेंगे। वहीं भाजपा के कुकड़ु मंडल अध्यक्ष भरत चन्द्र महतो ने आरोप लगाते हुए कहा कि कुकड़ू प्रखंड सिर्फ कागजों पर ही आकांक्षा प्रखंड है। यहां के बीडीओ मैडम सीओ, एमओ, सीडीपीओ आदि प्रमुख पदों का प्रभार में है। एक ही पदाधिकारी चार – चार पदाधिकारी का प्रभार में रहने से समय पर लोगों का काम नहीं हो रहा है। दीदी बाड़ी एवं बागवानी का काम छोड़कर मनरेगा के तहत कोई भी योजना नहीं चल रहा है।
उन्होंने कहा कि मजदूरों को काम नहीं मिलने से मजदूरों का पलायन हो रहा है। उन्होंने मनरेगा योजना से सभी तरह के नये कार्य का भी शुभारंभ करने का मांग किया है। उन्होंने योजनाओं में उदासीन रवैया के खिलाफ जन आंदोलन करने का भी चेतावनी दिया। उन्होंने कहा कि यहां विकास के नाम पर विनाश हो रहा है।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन द्वारा मिठाई दुकानों, रेस्टोरेंट तथा फास्ट फूड स्टालों का सघन निरीक्षण किया गया।
सरायकेला-खरसावाँ
उपायुक्त नितिश कुमार सिंह के निर्देशानुसार अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, सरायकेला के नेतृत्व में दिनांक 18 अक्टूबर 2025 को खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन द्वारा सरायकेला जिला मुख्यालय के संजय चौक, वार्ड-4 एवं गैरेज चौक स्थित मिठाई दुकानों, रेस्टोरेंट तथा फास्ट फूड स्टालों का सघन निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान दूध एवं दूध से बने उत्पादों, जैसे — लड्डू, बूंदी, जलेबी, ड्राई फ्रूट्स से बनी मिठाई, तथा चाऊमीन, समोसा और पैकेटबंद खाद्य सामग्रियों की गुणवत्ता की जांच की गई। जांच में एक मिठाई दुकान से एक किलो छेना मानक के अनुरूप न पाए जाने पर उसे तत्काल नष्ट किया गया।
सभी दुकानदारों को स्पष्ट निर्देश दिया गया कि किसी भी खाद्य सामग्री को अखबार में पैक कर या रखकर न बेचा जाए, क्योंकि इससे स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। भविष्य में किसी भी दुकान में ऐसे प्रकरण पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के अंतर्गत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान “सरायकेला लड्डू” नामक प्रतिष्ठित मिठाई दुकान से एक नमूना जांच हेतु लिया गया है, जिसे विधि अनुसार परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। जांच प्रतिवेदन प्राप्त होने के उपरांत नियमानुसार अग्रेतर कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी श्री सुबीर रंजन ने बताया कि उपायुक्त महोदय के निर्देशानुसार त्योहारों के मद्देनज़र जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा। आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि यदि किसी प्रतिष्ठान में अस्वच्छ, संदिग्ध या मिलावटी खाद्य सामग्री की बिक्री की जाती है, तो उसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन अथवा खाद्य सुरक्षा विभाग को दें ताकि समय पर आवश्यक कार्रवाई की जा सके। खाद्य सुरक्षा जांच दल में घनपत महतो एवं कार्तिक महतो भी सम्मिलित थे।
त्योहारों के मद्देनज़र खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण,, सरायकेला-खरसावाँ जिला प्रशासन की सख्त कार्रवाई
सरायकेला-खरसावाँ
उपायुक्त नितिश कुमार सिंह (भा.प्र.से.) के निर्देशानुसार अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, सरायकेला के नेतृत्व में आज दिनांक 17 अक्टूबर, 2025 को खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी श्री सुबीर रंजन द्वारा आदित्यपुर क्षेत्र के शेरे पंजाब चौक, इमली चौक तथा गम्हरिया क्षेत्र स्थित विभिन्न मिठाई दुकानों का सघन निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान पनीर, खोवा एवं दूध से बनी मिठाइयों, लड्डू, बूंदिया, चाट तथा समोसे में प्रयुक्त मसालों की गुणवत्ता की जाँच की गई। जाँच में पाया गया कि कुछ दुकानों में समोसा मसाला पैकेटों पर समुचित लेबल नहीं थे, जिस कारण कुल 30 पैकेट मसाला मौके पर ही नष्ट कराए गए।
साथ ही, सभी दुकानदारों को यह निर्देश दिया गया कि अखबार में लपेटकर खाद्य सामग्री का विक्रय न करें। निरीक्षण के दौरान उपलब्ध सभी अखबार-निर्मित पैकेटों को नष्ट किया गया। दुकानदारों को सख्त चेतावनी दी गई कि भविष्य में ऐसा करते पाए जाने पर उनके विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के अंतर्गत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के क्रम में दो दुकानों से खाद्य पदार्थों के नमूने जांच हेतु लिए गए हैं, जिन्हें प्रयोगशाला परीक्षण के लिए विधि अनुसार भेजा गया है।जाँच प्रतिवेदन प्राप्त होने के उपरांत आवश्यक अग्रेतर कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन ने बताया कि उपायुक्त के निर्देशानुसार त्योहारों के मद्देनज़र जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा। साथ ही, आम जनता से अपील की गई है कि यदि किसी प्रतिष्ठान में अस्वच्छ या मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री की जा रही हो, तो उसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन अथवा खाद्य सुरक्षा विभाग को दें।