बालू की अवैध कारोबार से लाखों करोड़ों रुपए राजस्व का हो रहा नुकसान।
इचागढ़ थाना अंतर्गत बालू माफिया का तांडव
फिलहाल खनन विभाग ने कार्रवाई करते हुए दो ओवरलोडेड गाड़ियों को किया जब्त।
सरायकेला खरसावां
जिला खनन पदाधिकारी के लाख प्रयास के बावजूद भी बालू माफिया अपनी हरकतों से बाज आने का का नाम नहीं ले रहे हैं। सीधे लफ्जों में कहा जाए तो जिला खनन पदाधिकारी बालु के अवैध कारोबार को रोकने का जी तोड़ प्रयास कर रहे हैं लेकिन बालू माफिया रुकने का नाम नहीं ले रहे हैं यह युद्ध में आम जनता है परेशान। एक तरह से कहा जाए तो जिला खनन पदाधिकारी जिला खनन विभाग और बालू माफिया दोनों के बीच महाभारत छिड़ी हुई है और यह महाभारत काफी लंबे समय से चलती आ रही है लेकिन इसका कोई परिणाम नजर नहीं आ रहा। आखिर यह बालू माफिया और खनन पदाधिकारी दोनों के बीच चल रही महाभारत में आखिर जीत किसकी होगी यह जनता जानना चाहती है। वहीं परेशान आम जनता का कहना है कि आखिर कब मिलेगी निजात और कब मिलेगी सुख चैन की नींद गाड़ियों की आवागम के शोर शराबे से जनता परेशान है ।

राजस्व का हो रहा है भारी नुकसान।
बालू माफिया और खनन विभाग खनन पदाधिकारी इन दोनों की महाभारत का निष्कर्ष निकाल नहीं रहा लेकिन बालों माफिया के तांडव और अवैध बालू की निकासी से राजस्व का लाखों करोड़ों रुपया का नुकसान होता साफ-साफ दिख रहा है।
सरायकेला खरसावां जिले के खनन विभाग ने कार्रवाई करते हुए दो ओवरलोडेड गाड़ियों को किया जब्त। यह गाड़िंयाँ ओवरलोड के साथ चल रही थीं, जो परिवहन नियम के विरुद्ध है। कार्रवाई कांड्रा थाना और ईचागढ़ थाना क्षेत्र में जिला खनन पदाधिकारी ज्योति शंकर सतपति के निर्देश पर जिला खनन निरीक्षक समीर ओझा द्वारा की गई, जहां इन गाड़ियों को पकड़ा गया। खनन विभाग ने सख्त कदम उठाते हुए इन गाड़ियों को जब्त किया और संबंधित थाना के हवाले कर दिया।
विभाग का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से अवैध खनन और ओवरलोडिंग पर रोक लगेंगे। इसके अलावा, यह कार्रवाई उन खनन माफियाओं को चेतावनी देने का काम करेगी जो नियमों का उल्लंघन करते हुए खनन का कारोबार कर रहे हैं।


















