रांची/झारखंड

JIADA द्वारा सोमवार को रांची के होटल रेडिसन ब्लू में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। JIADA द्वारा राज्य में निवेश को बढ़ावा देने और नियमों को सरल बनाने के लिए नया ‘जियाडा रेगुलेशन 2026’ लाने की तैयारी में है. जिसे लेकर के उक्त कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला में झारखंड की प्रस्तावित नई औद्योगिक नीति एवं ड्राफ्ट रेगुलेशंस पर राज्यभर के विभिन्न औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने विस्तार से चर्चा की।
इसरो प्रतिनिधिमंडल ने औद्योगिक नीति के मसौदे से जुड़े कई महत्वपूर्ण बिंदुओं को तथ्यात्मक रूप से जियाड़ा के प्रबंध निदेशक वरुण रंजन एवं उनकी टीम के समक्ष रखा। साथ ही संगठन की ओर से लिखित सुझाव सौंपते हुए औद्योगिक क्षेत्रों में आधारभूत संरचनाओं के विकास और सुविधाओं में सुधार की मांग की गई।
आपको बताते चलें कि जियाडा द्वारा राज्य में निवेश को बढ़ावा देने और नियमों को सरल बनाने के लिए नया ‘जियाडा रेगुलेशन 2026’ लाने की तैयारी में है.
वहीं कार्यशाला में जियाडा के एमडी वरुण रंजन ने विभिन्न उद्योग संगठनों के उद्यमियों से सीधा संवाद किया और उनसे पूछा कि वे कैसा रेगुलेशन चाहते हैं? एमडी ने स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य उद्देश्य निवेश को आसान बनाना और उद्यमियों की समस्याओं को दूर करना है.
कार्यक्रम में शामिल FJCCI, JASSIA और AIADA के प्रतिनिधियों ने जियाडा के सामने अपनी कई महत्वपूर्ण मांगें और सुझाव रखें. जिसमें उद्यमियों ने कहा कि पहले औद्योगिक क्षेत्रों में 99 साल की लीज पर जमीन मिलती थी, जिसे घटाकर 30 साल कर दिया गया है. बिहार समेत कई राज्यों ने इसे दोबारा 99 साल कर दिया है, झारखंड में भी यही व्यवस्था लागू होनी चाहिए. साथ ही साथ निवेशकों ने ऐसे ‘प्लग एंड प्ले’ परिसरों की मांग की जहां विकसित भूमि, तैयार शेड, बिजली, पानी, सड़क और अपशिष्ट प्रबंधन (वेस्ट मैनेजमेंट) जैसी सुविधाएं पहले से उपलब्ध हों, ताकि उद्योग तुरंत शुरू हो सकें. ओनरशिप ट्रांसफर (स्वामित्व हस्तांतरण) को आसान बनाने के लिए ज्वाइंट वेंचर के प्रावधान शामिल करने का भी सुझाव दिया गया. इसके अलावा औद्योगिक क्षेत्रों में कर्मचारियों के लिए 10 फीसदी आवासीय सुविधा की मांग की गई. इस पर जियाडा की ओर से बताया गया कि इंडस्ट्रियल एरिया में वर्किंग वुमेंस हॉस्टल का निर्माण कराया जा रहा है.
कार्यक्रम में जियाडा आदित्यपुर के क्षेत्रीय निदेशक प्रेम रंजन तथा आरडीडी दिनेश रंजन भी उपस्थित रहे। इसरो प्रतिनिधिमंडल में अध्यक्ष रुपेश कटरियार, उपाध्यक्ष समीर सिंह, अशोक सतपति, महासचिव संदीप मिश्रा, सचिव राजीव शुक्ला, कार्यकारिणी सदस्य गौतम महापात्रा एवं अवनीत मूतरेजा शामिल थे।












